भोपाल में सड़क का 100 मीटर का हिस्सा धंसा, शुरू हुई जांच-पड़ताल की कवायद, एक लेन का ट्रैफिक रोका

Date:

भोपाल। मध्यप्रदेश में अभी तक सिर्फ सड़कों के गड्‌ढों की ही चर्चा होती है, लेकिन अब सड़कें खुद ही धंस कर आत्महत्या भी करने लगी हैं। भोपाल के बिलखिरिया क्षेत्र में मंडीदीप से ईंटखेड़ी की ओर जाने वाली सड़क का करीब 100 मीटर हिस्सा अचानक धंस गया। इसके बाद एक लेन का ट्रैफिक रोका गया। यह सड़क 2013 में बनी थी और बनाने वाला ब्लैक लिस्टेड भी है, इसलिए मुफ्त में नहीं सुधरने वाली।

बताया जाता है कि यह घटना दोपहर 12 से 1 बजे के बीच हुई। यह सड़क मध्यप्रदेश रोड डेवलपमेंट कॉरपोरेशन (एमपीआरडीसी) के अधीन आती है और इंदौर, होशंगाबाद, जबलपुर, जयपुर, मंडला और सागर जैसे शहरों को जोड़ती है। ब्रिज के पास रिटेनिंग वॉल ढहने का वीडियो भी सामने आया है, जिसमें पहले पत्थर सरकते दिखाई देते हैं और फिर वॉल का एक हिस्सा गिर जाता है। सड़क धंसने की सूचना मिलने के बाद एमपीआरडीसी ने इसकी जांच के लिए एक दल गठित कर दिया है। इसमें मुख्य अभियंता बीएस मीणा, जीएम मनोज गुप्ता तथा जीएम आरएस चंदेल सम्मिलित हैं। यह दल आर वॉल के धंसने के कारणों की तकनीकी जांच कर शीघ्र अपनी रिपोर्ट शासन को प्रस्तुत करेगा, जिसके आधार पर आवश्यक कार्रवाई की जाएगी।

2020 में कंपनी का अनुबंध हो चुका है निरस्त

एमपीआरडीसी के अनुसार यह सड़क वर्ष 2013 में मेसर्स ट्रॉन्सट्राय प्रा. लि. द्वारा बीओटी के तहत बनाई गई गई थी। कंपनी द्वारा अनुबंध की शर्तों का पालन करने पर वर्ष 2020 में अनुबंध निरस्त कर दिया गया था। एमपीआरडीसी के प्रबंध संचालक भरत यादव ने कहा है कि यदि जांच रिपोर्ट में किसी प्रकार की लापरवाही या अनियमितता पाई जाती है, तो जिम्मेदार के विरुद्ध कड़ी अनुशासनात्मक कार्रवाई की जाएगी।

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here

Share post:

Subscribe

spot_imgspot_img

Popular

Recent News
Related

चेन्नई। तमिलनाडु की एक पटाखा फैक्ट्री में रविवार को धमाका हो गया। इस घटना में अब तक 16 लोगों की मौत की खबर आ रही है, जबकि कई घायल हैं। मौतों का आंकड़ा लगातार बढ़ता जा रहा है। पुलिस-प्रशासन द्वारा राहत व बचाव कार्य शुरू कर दिया है। सीएम एमके स्टालिन ने इस घटना पर दुख जताया है। बताया जाता है कि यह घटना विरुधुनगर जिले के कट्टानारपट्टी गांव में हुई। मुख्यमंत्री एम के स्टालिन ने इस दुखद घटना पर संज्ञान लेकर मंत्रियों को मौके पर पहुंचने का निर्देश दिया है। प्राथमिक रिपोर्ट में करीब 16 लोगों की मौत की बात कही गई है। घायलों को अस्पतालों में भर्ती कराया गया है। तमिलनाडु में पहले भी पटाखा फैक्ट्रियों के विस्फोट और धमाके के साथ आगजनी की घटनाएं सामने आ चुकी हैं। पटाखा फैक्ट्री में हुए जोरदार विस्फोट के बाद इलाके में अफरा तफरी मच गई और अधिकारियों के अनुसार मृतकों की संख्या बढ़ने की आशंका जताई जा रही है। विस्फोट इतना जबरदस्त था कि इसकी गूंज कई किलोमीटर तक सुनी गई। धमाके के बाद आसपास की इमारतों को भी भारी नुकसान पहुंचा है, कई घरों की दीवारों में दरारें आ गईं और खिड़कियों के कांच टूट गए। तमिलनाडु के सीएम स्टालिन ने हादसे पर दुख जाहिर किया है। उन्होंने एक्स पर लिखा कि कट्टानापट्टी में पटाखा फैक्ट्री में हुए विस्फोट में कई लोगों की मौत की खबर से गहरा दुःख हुआ है। इस त्रासदी से उन्हें अत्यंत पीड़ा पहुंची है और उन्होंने जान गंवाने वालों के परिजनों के प्रति अपनी गहरी संवेदनाएं व्यक्त की हैं। मुख्यमंत्री ने संबंधित मंत्रियों के.के.एस.एस.आर. रामचंद्रन और थंगम थेन्नरासु को तुरंत मौके पर पहुंचकर राहत और बचाव कार्यों की निगरानी करने तथा प्रभावित परिवारों को सांत्वना देने के निर्देश दिए हैं। इसके साथ ही उन्होंने ज़िलाधिकारी से संपर्क कर सभी आवश्यक सहायता के तालमेल का भी निर्देश दिया है।