👉 यह भी पढ़ें:
- Ram Mandir चढ़ावा चोरी मामले में बनी एसाईटी को अरविंद केजरीवाल ने ठहराया गैर कानूनी, कहा-बिना एफआईआर कैसे बनी?
- Arvind Kejriwal ने अमित शाह से पूछा सवाल- ढाई साल में आज तक राम मंदिर क्यों नहीं गए?
- भारतीय जहाजों पर हमले पर भड़के अरविंद केजरीवाल, कहा-मोदीजी ने पूरे देश की नाक कटा दी
- बंगाल के चुनाव परिणाम पर बोले अरविंद केजरीवाल-भाजपा ने जनतंत्र को हाईजैक कर लिया
- शराब नीति मामला में दिल्ली हाई कोर्ट ने अरविंद केजरीवाल को भेजा नोटिस, राउज एवेन्यू कोर्ट से हुए थे बरी
- संघ प्रमुख मोहन भागवत ने नागपुर में कहा-जब तक लोग अपनी सोच नहीं बदलेंगे, शांति संभव नहीं
0:00 left
नई दिल्ली। आम आदमी के पार्टी मुखिया अरविंद केजरीवाल ने आरएसएस चीफ मोहन भागवत को फिर चिट्ठी लिखी है। केजरीवाल ने लिखा है कि मीडिया में खबरें हैं कि आरएसएस दिल्ली चुनावों में भाजपा के लिए वोट मांगने जा रहा है। क्या यह सही है? इससे पहले, लोग आपसे यह जानना चाहते हैं कि भाजपा द्वारा की गई गलत कार्रवाइयों का क्या आरएसएस समर्थन करता है?
केजरीवाल ने बुधवार को संघ प्रमुख मोहन भागवत को पत्र लिखकर भाजपा पर दिल्ली में मतदाताओं के नाम मतदाता सूची से हटाने और पैसे बांटने का आरोप लगाया। केजरीवाल ने दिल्ली विधानसभा चुनाव से पहले आरएसएस प्रमुख को लिखे पत्र में कई सवाल उठाए है। उन्होंने पूछा कि क्या आरएसएस वोट खरीदने के लिए भाजपा नेताओं द्वारा खुलेआम पैसे बांटे जाने और भगवा पार्टी द्वारा बड़े पैमाने पर पूर्वांचली व दलित वोटरों के नाम मतदाता सूची से हटाने का समर्थन करता है? पत्र में लिखा है कि आदरणीय मोहन भागवत जी, प्रणाम। मुझे उम्मीद है कि आप स्वस्थ होंगे। मीडिया में खबरें हैं कि आरएसएस दिल्ली चुनावों में भाजपा के लिए वोट मांगने जा रहा है। क्या यह सही है? इससे पहले, लोग आपसे यह जानना चाहते हैं कि भाजपा द्वारा की गई गलत कार्रवाइयों का क्या आरएसएस समर्थन करता है?
केजरीवाल के तीन सवाल-
–क्या आरएसएस वोट खरीदने का समर्थन करती है, जैसा कि भाजपा के नेता खुलेआम पैसे बांटकर वोट खरीदने की कोशिश कर रहे हैं?
-क्या आरएसएस इस प्रयास को समर्थन करती है जिसमें गरीब, दलित, पूर्वांचली और झुग्गीवासियों के वोटों में कटौती की जा रही है?
–क्या आरएसएस को लगता है किभाजपा का यह कदम भारतीय जनतंत्र को कमजोर कर रहा है?
इससे पहले भी लिखा था पत्र
केजरीवाल ने इससे पहले भी संघ प्रमुख मोहन भागवत को एक पत्र लिखा था। इसमें उन्होंने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के रिटायरमेंट और भाजपा के अन्य मुद्दों पर पांच सवाल उठाए थे
-केजरीवाल ने पूछा था कि क्या पीएम मोदी का ईडी–सीबीआइ का दुरुपयोग कर पार्टियां तोड़ना सही है?
–जिन्हें भ्रष्टाचारी बताया, उन्हें पीएम मोदी द्वारा भाजपा में शामिल कर लेना कितना उचित?
-जेपी नड्डा के आरएसएस की जरूरत नहीं वाले बयान पर चुप क्यों है आरएसएस?
–75 साल के बाद सेवानिवृत्त होने का नियम क्या पीएम मोदी पर लागू होगा?
-आरएसएस के लिए क्या पीएम मोदी का ऐसा व्यवहार देश के लिए ठीक है



