महाराष्ट्र में पहली कक्षा से हिंदी लागू करने का आदेश रद्द, त्रि-भाषा नीति पर नई समिति करेगी निर्णय
महाराष्ट्र सरकार ने राज्य के स्कूलों में पहली कक्षा से हिंदी भाषा को अनिवार्य करने वाले त्रि-भाषा नीति के सरकारी आदेश को रद्द कर दिया है। इस फैसले की घोषणा मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस ने की मुख्यमंत्री फडणवीस ने बताया कि सरकार इस मुद्दे पर डॉ. नरेंद्र जाधव की अध्यक्षता में एक समिति गठित करेगी, जो यह तय करेगी कि त्रि-भाषा नीति को किस कक्षा से लागू किया जाए। इस समिति को अध्ययन कर रिपोर्ट देने के लिए तीन महीने का समय दिया गया है।
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विपक्ष की प्रतिक्रिया
इस फैसले के बाद विपक्ष ने सरकार पर तीखा हमला बोला। उद्धव ठाकरे ने इसे “मराठी लोगों की ताकत के सामने सरकार की हार” बताया। वहीं, राज ठाकरे की महाराष्ट्र नवनिर्माण सेना (एमएनएस) और शिवसेना (यूबीटी) ने 5 जुलाई को प्रस्तावित विरोध मार्च को रद्द कर दिया।
हालांकि उद्धव ठाकरे ने यह भी स्पष्ट किया कि 5 जुलाई को एक कार्यक्रम का आयोजन किया जाएगा।
यह फैसला उस समय आया है जब राज्य में भाषा को लेकर भावनाएं तेज़ हैं, और मराठी भाषा की प्राथमिकता बनाए रखने को लेकर सामाजिक और राजनीतिक दबाव बढ़ रहा है।



