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इंदौर। नाबालिग से दुष्कर्म की सजा काट रहा आसाराम बापू को इलाज के लिए जमानत मिली है। वह मंगलवार रात इंदौर के आश्रम पहुंचा। यहीं से 12 साल पहले उसकी गिरफ्तारी हुई थी। बुधवार सुबह वह सुपर स्पेशिएलिटी अस्पताल पहुंचा। इसके बाद वह रवाना हो गया। डॉक्टरों ने कुछ जांच कराने की सलाह दी है।
उल्लेखनीय है कि 83 वर्षीय आसाराम को कई बीमारियां हैं। जेल में सजा के दौरान वह आयुर्वेदिक उपचार करता था, लेकिन बुधवार को वह जांच के लिए पहुंचा। डाक्टरों की पैनल ने उसका परीक्षण किया। उसके अनुयायियों ने जांच और उपचार के दस्तावेज भी डाक्टरों से लेकर सुरक्षित रख लिए ताकि वह कोर्ट में प्रस्तुत कर सके।
रात से ही आश्रम के बाहर भीड़
अनुयायियों को आसाराम के आने की खबर पहले से लग गई थी। सेवा दार बाहर सुरक्षा में तैनात थे। वह रात दस बजे सड़क मार्ग से आश्रम पहुंचा। आसाराम के स्वागत के लिए वहां भारी संख्या में उसके भक्त तैयारी के साथ आए थे। खुद भगवान बताने वाला आसाराम उन्हें देखकर अपनी गाड़ी रोक दी। हालांकि वह गाड़ी से नीचे नहीं उतरा। गाड़ी में बैठे बैठे उसने शीशा नीचे किया। इसके बाद उसके भक्तों ने आरती उतारी है। आरती उतरवाने के बाद आसाराम अपने आश्रम के अंदर जाने लगा। इसके बाद उसके भक्तों की भीड़ गाड़ी के पीछे दौड़ पड़ी। लोग दौड़ते हुए उसकी गाड़ी के पीछे चल रहे थे। बताया जा रहा है कि आसाराम करीब दो सप्ताह तक इसी आश्रम में रहेगा और स्वास्थ्य लाभ लेगा।
सार्वजनिक कार्यक्रम नहीं हो सकेगा
उल्लेखनीय है कि 12 साल पहले आसाराम इंदौर आया था, लेकिन राजस्थान पुलिस उसे लेने इंदौर आ गई। इसके बाद सुबह उसे हवाई जहाज से दिल्ली होते हुए राजस्थान ले जाया गया था। तब से वह जेल में था। 14 जनवरी को उसे इलाज के लिए अंतरिम जमानत मिली है। 31 मार्च को उसकी जमानत अवधि समाप्त हो जाएगी। जमानत के समय यह शर्त भी रखी गई थी कि आसाराम अपने अनुयायियों से सार्वजनिक रुप से नहीं मिलेगा।



