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श्रीनगर। पहलगाम में आतंकी हमले के बाद जम्मू–कश्मीर के पूर्व मुख्यमंत्री फारूक अब्दुल्ला ने सोमवार पाकिस्तान पर अपनी जमकर भड़ास निकाली। उन्होंने कहा कि मैं पहले हमेशा चाहता था कि बातचीत हो मगर हम उन पीड़ितों के परिवारों से क्या कहेंगे कि हम बातचीत कर रहे हैं? क्या बातचीत करना इंसाफ है? आज देश बालाकोट नहीं, बल्कि ऐसी कार्रवाई चाहता है कि फिर कभी इस तरह के हमले न हों
फारूख अब्दुल्ला ने कहा कि वो (आतंकी) समझते हैं कि हम पाकिस्तान के साथ चले जाएंगे, वो गलत समझते हैं। हम उनकी (पाकिस्तान) इस गलतफहमी को दूर करना चाहते हैं कि इन हरकतों से हम पाकिस्तान चले जाएंगे। हम जब 1947 में उनके (पाकिस्तान) साथ नहीं गए तो फिर आज क्यों जाएंगे? हम टू नेशन थ्योरी आज भी मानने को तैयार नहीं हैं। हम इससे कमजोर नहीं बल्कि मजबूत हो रहे हैं। मैं पहले हमेशा चाहता था कि बातचीत हो मगर हम उन पीड़ितों के परिवारों से क्या कहेंगे कि हम बातचीत कर रहे हैं?
अब्दुल्ला ने कहा-हम उन्हें मुंहतोड़ जवाब देंगे
अब्दुल्ला ने कहा कि हमें अफसोस है कि हमारा पड़ोसी आज भी यह नहीं समझ पा रहा है कि उसने मानवता की हत्या की है। हमने 1947 में ही टू नेशन थ्योरी को पानी में फेंक दिया था। आज हम भी टू नेशन थ्योरी को स्वीकार करने के लिए तैयार नहीं हैं। हिंदू, मुस्लिम, सिख, ईसाई, हम सब एक हैं। हम उन्हें मुंहतोड़ जवाब देंगे।



