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यूएन में भारत का दो टूक बयान: “जम्मू-कश्मीर भारत का अभिन्न हिस्सा था, है और रहेगा”
संयुक्त राष्ट्र सुरक्षा परिषद (UNSC) में ओपन डिबेट के दौरान भारत के स्थायी प्रतिनिधि पर्वतनेनी हरीश ने पाकिस्तान पर तीखा प्रहार करते हुए कहा कि जम्मू-कश्मीर केंद्रशासित प्रदेश भारत का अभिन्न और अविभाज्य हिस्सा था, है और हमेशा रहेगा।

हरीश ने कहा,जम्मू-कश्मीर के लोग भारत की लोकतांत्रिक परंपराओं और संविधान के ढांचे के तहत अपने मौलिक अधिकारों का उपयोग करते हैं। हमें पता है कि ये बातें पाकिस्तान के लिए नई हैं।”
भारत का यह बयान ऐसे समय में आया है जब पाकिस्तान प्रशासित कश्मीर में लगातार विरोध प्रदर्शनों और हड़तालों की खबरें आ रही हैं।
हरीश ने अंतरराष्ट्रीय मंच से पाकिस्तान को चेतावनी दी
हम पाकिस्तान से उन क्षेत्रों में जारी गंभीर और निरंतर मानवाधिकार उल्लंघनों को रोकने का आह्वान करते हैं, जिन्हें उसने अवैध रूप से कब्ज़ा किया हुआ है।”
उन्होंने आगे कहा कि पाकिस्तान के कब्ज़े वाले इलाक़ों में जनता सैन्य दमन, बर्बरता और संसाधनों के अवैध दोहन के ख़िलाफ खुलकर आवाज उठा रही है।
दरअसल, पाकिस्तान प्रशासित कश्मीर में जनता और व्यापारियों का प्रतिनिधित्व करने वाले संगठन जम्मू-कश्मीर जॉइंट आवामी एक्शन कमिटी (JKJAAC) के आह्वान पर 29 सितंबर से क्षेत्र में हड़ताल शुरू की गई थी।
एक्शन कमिटी की 38 सूत्रीय मांग है



