Amarnath Yatra 2026 के शुभारंभ पर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने देशभर के श्रद्धालुओं के नाम एक विशेष पत्र लिखकर उन्हें शुभकामनाएं दीं। उन्होंने बाबा बर्फानी के दर्शन को हर शिवभक्त के लिए सौभाग्य बताते हुए कहा कि अमरनाथ यात्रा केवल आस्था की यात्रा नहीं, बल्कि भारत की सांस्कृतिक एकता, सनातन परंपरा और राष्ट्रभावना का जीवंत प्रतीक है।
प्रधानमंत्री ने श्रद्धालुओं से सुरक्षित यात्रा करने, पर्यावरण की रक्षा करने और जम्मू-कश्मीर के स्थानीय लोगों का सहयोग करने की अपील की। उन्होंने कहा कि इस वर्ष की यात्रा श्रद्धा के साथ-साथ सेवा, स्वच्छता और राष्ट्र निर्माण का भी संदेश दे।
👉 यह भी पढ़ें:
- मन की बात: पीएम मोदी ने की ‘नशा-मुक्त युवा फॉर विकसित भारत’ अभियान की सराहना
- शोपियां में बड़ी कार्रवाई: 2 हैंड ग्रेनेड और हिजबुल मुजाहिदीन से जुड़े पोस्टर बरामद, 3 गिरफ्तार
- जम्मू-कश्मीर पर अमेरिका का बड़ा बयान, पाकिस्तान ने जताई आपत्ति; जानें क्यों बढ़ा विवाद
- Article 370 के 7 साल: महबूबा मुफ्ती का बड़ा बयान, बोलीं- ‘जम्मू-कश्मीर के लोग मुर्दा नहीं, जिंदा कौम हैं’; सुरक्षा व्यवस्था कड़ी
- Amarnath Yatra ; बाबा बर्फानी के दर्शन होंगे और आसान, बालटाल व पहलगाम रूट पर बनेगा Ropeway, 40 मिनट में पहुंचेगी श्रद्धालुओं की यात्रा
- Monsoon Fury: देश के कई राज्यों में आसमान से आफत! 43 लोगों की मौत, जम्मू-कश्मीर से असम तक बाढ़-भूस्खलन का कहर
PM Modi ने श्रद्धालुओं से लिए 5 बड़े संकल्प
प्रधानमंत्री मोदी ने अमरनाथ यात्रा पर जाने वाले श्रद्धालुओं से पांच महत्वपूर्ण संकल्प लेने का आग्रह किया—
1. स्वच्छता का संकल्प: यात्रा मार्ग पर कहीं भी गंदगी न फैलाएं और स्वच्छता बनाए रखें।
2. सुरक्षा नियमों का पालन: प्रशासन, सुरक्षा एजेंसियों और मौसम संबंधी सभी दिशा-निर्देशों का पूरी जिम्मेदारी से पालन करें।
3. Vocal for Local: यात्रा के कुल खर्च का कम से कम 10% हिस्सा जम्मू-कश्मीर के स्थानीय उत्पादों की खरीद पर खर्च करें, ताकि स्थानीय लोगों की आजीविका को मजबूती मिले।
4. ‘एक पेड़ मां के नाम’ अभियान: रक्षाबंधन के अवसर पर एक पौधा लगाकर पर्यावरण संरक्षण में योगदान दें।
5. ‘राष्ट्र प्रथम’ का संकल्प: हर कार्य में राष्ट्रहित को सर्वोच्च प्राथमिकता दें और अपने नागरिक कर्तव्यों का ईमानदारी से पालन करें।
अमरनाथ यात्रा को बताया भारत की एकता का प्रतीक
प्रधानमंत्री ने कहा कि ज्येष्ठ पूर्णिमा की प्रथम पूजा के साथ बाबा अमरनाथ के पवित्र दर्शन का क्रम शुरू होता है और देशभर से लाखों श्रद्धालु इस यात्रा में शामिल होते हैं। अलग-अलग राज्यों, भाषाओं और संस्कृतियों के लोग एक ही आस्था के साथ बाबा बर्फानी के दर्शन के लिए पहुंचते हैं, जो “एक भारत, श्रेष्ठ भारत” की भावना को मजबूत करता है।
उन्होंने श्री अमरनाथजी श्राइन बोर्ड, जम्मू-कश्मीर प्रशासन, भारतीय सेना, CRPF, जम्मू-कश्मीर पुलिस, ITBP, BSF, NDRF, डॉक्टरों, स्वास्थ्य कर्मियों, सफाई कर्मचारियों और स्वयंसेवकों के योगदान की भी सराहना की।
सुरक्षित यात्रा के लिए दी खास सलाह
प्रधानमंत्री मोदी ने श्रद्धालुओं से कहा कि यात्रा के दौरान किसी भी प्रकार की लापरवाही न बरतें। मौसम संबंधी चेतावनियों का पालन करें और सुरक्षा बलों व प्रशासन के निर्देशों का पूरी तरह पालन करें। उन्होंने विश्वास जताया कि सभी के सहयोग से Amarnath Yatra 2026 शांतिपूर्ण, सुरक्षित और सफल होगी।
पत्र के अंत में प्रधानमंत्री ने बाबा बर्फानी से सभी श्रद्धालुओं के सुख, समृद्धि, उत्तम स्वास्थ्य और सुरक्षित यात्रा की कामना की। उन्होंने कहा कि बाबा अमरनाथ सभी के जीवन में नई ऊर्जा, आध्यात्मिक शक्ति और सकारात्मकता का संचार करें।



