👉 यह भी पढ़ें:
- PM मोदी का बड़ा सवाल: क्या अब इंफ्रास्ट्रक्चर प्रोजेक्ट्स के लिए ‘फोर्थ-पार्टी ऑडिट’ की जरूरत?
- 80वें स्वतंत्रता दिवस पर PM मोदी का संदेश: शहीदों को नमन, विकसित भारत का संकल्प
- राहुल गांधी की विदेश नीति वाली टिप्पणी पर घमासान: राजनाथ सिंह के बयान से गरमाई सियासत
- राहुल गांधी की ‘हग डिप्लोमेसी’ वाली नकल पर सियासी घमासान, मेलोनी के जिक्र से बढ़ा विवाद
- विभाजन विभीषिका स्मृति दिवस: PM मोदी ने याद किया बंटवारे का दर्द, बोले—“मुश्किलों को सफलता में बदला”
- International Youth Day 2026: PM Modi ने युवाओं को बताया देश की सबसे बड़ी ताकत, संस्कृत श्लोक से दिया खास संदेश
0:00 left
भारत–अमेरिका ट्रेड डील दोनों देशों के लिए बड़ी खुशखबरी; पीएम मोदी
भारत–अमेरिका ट्रेड डील को लेकर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने शनिवार को सोशल मीडिया प्लेटफ़ॉर्म एक्स पर इसे दोनों देशों के लिए “बड़ी खुशखबरी” बताया। पीएम मोदी ने कहा कि भारत और अमेरिका के बीच एक अंतरिम व्यापार समझौते के ढांचे (इंटरिम ट्रेड फ्रेमवर्क) पर सहमति बन गई है।
प्रधानमंत्री ने अपने पोस्ट में अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप का ज़िक्र करते हुए कहा,मैं राष्ट्रपति ट्रंप को हमारे देशों के बीच मजबूत रिश्तों के प्रति उनकी व्यक्तिगत प्रतिबद्धता के लिए धन्यवाद देता हूं।
पीएम मोदी ने कहा कि यह फ्रेमवर्क भारत–अमेरिका साझेदारी में बढ़ती गहराई, आपसी विश्वास और नई ऊर्जा को दर्शाता है। उन्होंने बताया कि इससे भारत के मेहनती किसानों, उद्यमियों, लघु एवं मध्यम उद्योगों स्टार्टअप इनोवेटर्स, मछुआरों और अन्य क्षेत्रों के लिए नए अवसर खुलेंगे, जिससे ‘मेक इन इंडिया’ अभियान को और मजबूती मिलेगी।
प्रधानमंत्री के अनुसार, यह समझौता महिलाओं और युवाओं के लिए बड़े पैमाने पर रोजगार के अवसर पैदा करेगा। उन्होंने यह भी कहा कि भारत और अमेरिका इनोवेशन को बढ़ावा देने के लिए प्रतिबद्ध हैं और यह ट्रेड फ्रेमवर्क दोनों देशों के बीच निवेश और टेक्नोलॉजी पार्टनरशिप को और सशक्त करेगा।
पीएम मोदी ने आगे कहा कि यह समझौता लचीली और भरोसेमंद सप्लाई चेन को मजबूत करेगा और वैश्विक आर्थिक विकास में योगदान देगा। विकसित भारत के लक्ष्य की ओर बढ़ते हुए, उन्होंने भविष्योन्मुखी वैश्विक साझेदारियों के निर्माण की प्रतिबद्धता भी दोहराई।
भारत–अमेरिका के संयुक्त बयान के अनुसार, भारत अगले पांच वर्षों में अमेरिका से लगभग 500 अरब डॉलर का सामान खरीदेगा। इसमें ऊर्जा उत्पाद, विमान और उनके पुर्ज़े, कीमती धातुएं, टेक्नोलॉजी उत्पाद और कोकिंग कोल शामिल हैं। इसके अलावा, दोनों देशों ने डेटा सेंटर्स में उपयोग होने वाले ग्राफ़िक्स प्रोसेसिंग यूनिट और अन्य टेक उत्पादों के व्यापार को बढ़ाने तथा डिजिटल व्यापार के लिए स्पष्ट नियम बनाने पर भी सहमति जताई है।



