राज्य की लाइफलाइन माने जाने वाला विक्रमशिला सेतु बीच से टूटकर गंगा नदी में समा गया। करीब 25 साल पुराने इस पुल के ध्वस्त होने से पूरे इलाके में अफरातफरी मच गई और यातायात पूरी तरह बंद कर दिया गया।
घटना रविवार देर रात की बताई जा रही है। स्थानीय लोगों के अनुसार, रात को पुल का एक बड़ा हिस्सा भरभराकर नदी में गिर गया। बताया जा रहा है कि लगभग 33 मीटर का हिस्सा गंगा में समा गया।
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यह पुल भागलपुर को नवगछिया और कोसी-सीमांचल क्षेत्र से जोड़ने वाला एक अहम मार्ग था, इसलिए इसके टूटने से लोगों की आवाजाही पर बड़ा असर पड़ा है। प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, पहले पुल से छोटे-छोटे टुकड़े गिरते दिखे और फिर अचानक बड़ा हिस्सा ढह गया। कुछ लोगों ने आशंका जताई कि उस समय पुल पर वाहन भी मौजूद हो सकते थे।
घटना की सूचना मिलते ही प्रशासन हरकत में आया। प्रशासन के मुताबिक पिलर का एक स्लैब टूटकर नदी में गिरा है, जिसके चलते पुल पर आवागमन पूरी तरह रोक दिया गया है।
इस पुल का उद्घाटन वर्ष 2001 में तत्कालीन मुख्यमंत्री राबड़ी देवी ने किया था। करीब 4.7 किलोमीटर लंबा यह सेतु राज्य के कई हिस्सों को जोड़ने वाला एक महत्वपूर्ण संपर्क मार्ग था। अब इसके क्षतिग्रस्त होने से लोगों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ सकता है।



