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नई दिल्ली। शंकराचार्य स्वामी अविमुक्तेश्वरानंद पर विवादित बयान देने के बाद किन्नर अखाड़ा ने श्रीयामायी ममतानंद गिरि उर्फ ममता कुलकर्णी को निष्कासित कर दिया है। किन्नर अखाड़े की आचार्य महामंडलेश्वर डॉ.लक्ष्मी नारायण त्रिपाठी ने एक वीडियो जारी कर इसकी घोषणा की है। इधर, ममता कुलकर्णी ने अपने इस्तीफे का ऐलान किया है।
किन्नर अखाड़े की आचार्य महामंडलेश्वर डॉ. लक्ष्मी नारायण त्रिपाठी ने कहा कि प्रयागराज माघ मेला में मौनी अमावस्या के दिन स्वामी अविमुक्तेश्वरानंद के शिष्यों के साथ जिस तरह की घटना हुई, उससे हम आहत है। हालांकि, इस विवाद से वह दूर हैं। ममतानंद ने बिना अखाड़े की अनुमति से इस मामले में बयान दिया है। इसलिए उन्हें अखाड़े से निष्कासित किया जाता है।
इधर, ममता कुलकर्णी ने एक पत्र जारी कर कहा है कि मैं ममता मुकुंद कुलकर्णी बिल्कुल सही मानसिक स्थिति में हूं। मैं 27 जनवरी 2026 को किन्नर अखाड़े के महा मंडलेश्वर पद से इस्तीफा दे रही हूं। डॉ आचार्य लक्ष्मी नारायण त्रिपाठी के साथ कोई शिकायत नहीं, सम्मान देने के लिए पूरा प्यार। बात सिर्फ इतनी है कि मेरा आध्यात्मिक ज्ञान जे कृष्णमूर्ति की तरह बहेगा। सत्य को वस्त्र या प्रतिमा की आवश्यकता नहीं होती। ममता ने कहा कि मेरे गुरु श्री चैतन्य गगनगिरि नाथ ने कोई भी पद स्वीकार नहीं किया। मैंने 25 साल का आध्यात्मिक जीवन जीया। अंतर्मुखी रहकर अभ्यास जैसे पहले जारी था, आगे भी करूंगी। जब भी जरूरत होगी, किसी भी पार्टी से जुड़ा या किसी विशिष्ट समूह या समान विचारधारा वाले लोगों से जुड़ा हुआ अपना ज्ञान बांटूंगी।



