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नौगाम थाना अमोनियम नाइट्रेट विस्फोट: जांच के दौरान हुई चूक से हुआ बड़ा हादसा
एफएसएल की टीम पहली बार अमोनियम नाइट्रेट जैसे अत्यधिक खतरनाक और ज्वलनशील पदार्थ की जांच कर रही थी। श्रीनगर के नौगाम पुलिस थाने में टीम पहले ही 10 से अधिक बोरियों में भरे अमोनियम नाइट्रेट की सफलतापूर्वक जांच कर चुकी थी। केवल तीन बोरियों की सैंपलिंग बाकी थी, लेकिन इसी दौरान अचानक जोरदार विस्फोट हो गया।

जानकारी के मुताबिक , अमोनियम नाइट्रेट की अत्यधिक संवेदनशील प्रकृति के कारण हल्की-सी चूक भी घातक बन सकती है। आशंका है कि इसी तरह की कोई चूक नौगाम पुलिस स्टेशन में हुई। यह गलती किस स्तर पर हुई, क्या कोई केमिकल रिएक्शन हुआ—इसकी पुष्टि जांच के बाद ही हो सकेगी।
सूत्रों ने बताया कि यदि फरीदाबाद से जब्त पूरा 2,900 किलोग्राम अमोनियम नाइट्रेट वहीं मौजूद होता, तो पूरे क्षेत्र में भारी तबाही हो सकती थी। शुरुआती अनुमान है कि विस्फोट केवल उन तीन बोरियों में हुआ जिनकी सैंपलिंग की जा रही थी।
जिस थाने में टीम नमूने लेने पहुंची थी, अब वहीं एफएसएल को अपने कर्मचारियों की मौत के कारणों की जांच करनी पड़ रही है। विस्फोट में शव बुरी तरह क्षत-विक्षत हो गए, जिनकी पहचान के लिए डीएनए सैंपलिंग की जा रही है। अधिकारियों ने बताया कि यह उनके लिए अत्यंत भावुक और भयावह अनुभव है। हादसे के समय जिन एफएसएल कर्मियों की जान बची, वे दूसरे कमरे में मौजूद थे। यह अब तक का सबसे बड़ा हादसा है जिसने सभी को झकझोर कर रख दिया है।



