NEET Paper Leak विवाद को लेकर राजधानी दिल्ली के जंतर-मंतर पर शिक्षाविद् और पर्यावरण कार्यकर्ता सोनम वांगचुक का अनशन लगातार जारी है। यह प्रदर्शन कॉकरोच जनता पार्टी (CJP) द्वारा आयोजित किया जा रहा है, जिसमें केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे की मांग उठाई जा रही है।
CJP के संस्थापक अभिजीत दीपके ने दिल्ली पुलिस पर गंभीर आरोप लगाते हुए कहा कि अनशन स्थल पर बुनियादी सुविधाएं भी उपलब्ध नहीं कराई जा रही हैं। उन्होंने सोशल मीडिया पर जारी एक वीडियो में दावा किया कि वहां मौजूद दोनों सार्वजनिक शौचालय बेहद गंदे हैं, उनकी सफाई नहीं करवाई जा रही और पानी की आपूर्ति भी बाधित है।
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दीपके ने कहा, “सोनम वांगचुक जी अनशन पर बैठे हैं। ऐसे में कम से कम एक पोर्टेबल टॉयलेट की व्यवस्था तो होनी चाहिए, लेकिन पुलिस इसकी अनुमति देने से भी इनकार कर रही है। आखिर मोबाइल टॉयलेट लगाने की अनुमति क्यों नहीं दी जा रही?”
इससे पहले भी उन्होंने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म X पर पोस्ट कर दिल्ली पुलिस पर सहयोग न करने का आरोप लगाया था।
कॉकरोच जनता पार्टी का कहना है कि NEET UG Paper Leak मामले में जवाबदेही तय होनी चाहिए और जब तक केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान इस्तीफा नहीं देते, तब तक सोनम वांगचुक का अनशन जारी रहेगा।
आपकी राय: क्या NEET Paper Leak मामले में केंद्रीय शिक्षा मंत्री को नैतिक जिम्मेदारी लेते हुए इस्तीफा देना चाहिए? क्या प्रदर्शनकारियों को बेहतर बुनियादी सुविधाएं मिलनी चाहिए? अपनी राय कमेंट में जरूर साझा करें।



