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अब कुछ घंटों में होगा चेक क्लियर, शनिवार से नई व्यवस्था लागू
अगर आपने किसी को चेक दिया है या किसी से लेकर बैंक में जमा किया है, तो अब यह कुछ घंटों में ही क्लियर हो जाएगा। शनिवार से सभी बैंक इस नई व्यवस्था को लागू कर देंगे। पहले जहां चेक क्लियर होने में 2–3 दिन लगते थे, अब यह प्रक्रिया रीयल टाइम सेटलमेंट की मदद से तेज हो गई है। शुक्रवार को बैंकों ने इसका सफल ट्रायल भी पूरा कर लिया।
- नई व्यवस्था की खासियतें
- चेक अब बैच में नहीं, बल्कि लगातार प्रोसेस होंगे।
- सुबह 10 बजे से शाम 4 बजे तक जमा किए गए चेक तुरंत स्कैन होकर क्लियरिंग में जाएंगे।
- सुबह 11 बजे से हर घंटे बैंकों के बीच सेटलमेंट होगा।
- पैसा उसी दिन और कुछ घंटों के भीतर खाते में आ जाएगा।
- कारोबार करना आसान होगा और पूरे देश में एक समान क्लियरिंग रफ्तार रहेगी।
- चेक की स्थिति को ट्रैक करना भी अब सरल हो जाएगा।
- क्लियरिंग व्यवस्था का विकास
- 1980 से पहले: चेक क्लियर होने में लगभग 1 हफ्ता लगता था।
- 1980 के दशक: MICR तकनीक से समय घटकर 1–3 दिन हुआ।
- 2008: CTS सिस्टम से समय और घटकर 1 दिन रह गया।
- 2025: अब केवल कुछ घंटों में क्लियरिंग संभव।
- नई व्यवस्था के चरण
- पहला चरण (4 अक्तूबर 2025 – 2 जनवरी 2026): भुगतान करने वाले बैंक को शाम 7 बजे तक जवाब देना होगा।
- दूसरा चरण (3 जनवरी 2026 से): बैंक को केवल 3 घंटे में जवाब देना होगा। अगर समय पर जवाब नहीं मिला तो चेक स्वतः स्वीकृत माना जाएगा।
इस बदलाव से ग्राहकों को तेजी, सुविधा और पारदर्शिता मिलेगी और व्यवसायों के लिए लेन-देन और भी सरल हो जाएगा।



