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इंदौर। लोकायुक्त की इंदौर इकाई ने विजेंद्र कुमार गुप्ता कल्याण प्रशासक, कार्यालय कल्याण प्रशासक को 20 हजार रुपए की रिश्वत लेते रंगेहाथ पकड़ा है। यह कार्रवाई इसी विभाग में कार्यरत भृत्य राजकुमार काले की शिकायत पर 11 दिसंबर को की गई।
राजेश सहाय, पुलिस अधीक्षक, लोकायुक्त इंदौर ने बताया कि लोकायुक्त पुलिस महानिदेशक जयदीप प्रसाद के आदेश पर भ्रष्टाचार के खिलाफ लगातार कार्रवाई जारी है। आवेदक राजकुमार काले ने शिकायत की थी कि वह कल्याण प्रशासक कार्यालय इंदौर में (भृत्य) मल्टी टास्क सर्विस के पद पर पदस्थ है। उसकी वेतन विसंगति सुधार उपरांत लगभग 36,000 हज़ार रुपया एरियर की राशि उसे प्राप्त हुई है। उक्त एरियर राशि निकालने के लिए कल्याण प्रशासक विजेंद्र कुमार गुप्ता द्वारा 20 हजार रुपए रिश्वत की माँग की जा रही है। शिकायत के सत्यापन के बाद 11 दिसंबर को ट्रैप दल का गठन किया गया। इस दल ने ओल्ड मालवा हाउस स्थित कल्याण प्रशासक कार्यालय में कल्याण प्रशासक विजेंद्र गुप्ता को 20 हज़ार रुपये रिश्वत लेते रंगे हाथ ट्रैप किया गया। आरोपी कल्याण प्रशासक विजेंद्र गुप्ता के विरुद्ध भ्रष्टाचार निवारण (संशोधन) अधिनियम 2018 की धारा-7, के अंतर्गत उनके कार्यालय में कार्यवाही की गई। ट्रैप दल में उपुअ. प्रवीण सिंह बघेल, निरीक्षक राहुल गजभिये, आरक्षक विजय शेलार, आदित्य भदौरिया, शिव प्रकाश पाराशर, कृष्णा अहिरवार, शैलेन्द्र सिंह, कमलेश तिवारी और शेरसिंह शामिल थे।



