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2026 तक भारत को नक्सल मुक्त बनाने का संकल्प: अमित शाह की अपील, नक्सलियों से आत्मसमर्पण करने को कहा
केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने देशभर के छिपे हुए नक्सलियों से आत्मसमर्पण की अपील करते हुए कहा कि वे सरकार की समर्पण नीति को अपनाकर मुख्यधारा में शामिल हों। उन्होंने यह भी स्पष्ट किया कि केंद्र सरकार का लक्ष्य है कि 31 मार्च 2026 तक भारत को पूरी तरह नक्सलवाद से मुक्त कर दिया जाए।
गृह मंत्री ने जानकारी दी कि छत्तीसगढ़ के बीजापुर जिले में चलाए गए अभियानों के दौरान कोबरा कमांडो और छत्तीसगढ़ पुलिस ने 22 कुख्यात नक्सलियों को गिरफ्तार किया है, जिनके पास से आधुनिक हथियार और विस्फोटक सामग्री भी बरामद हुई है। इसके अलावा, सुकमा जिले के बडेसत्ती पंचायत में 11 नक्सलियों ने आत्मसमर्पण किया, जिसके बाद यह पंचायत अब पूरी तरह नक्सल मुक्त घोषित की गई है।
अमित शाह ने एक दिन पहले मध्य प्रदेश के नीमच में सीआरपीएफ स्थापना दिवस के अवसर पर भी नक्सलवाद पर बड़ी बात कही थी। उन्होंने कहा कि अब नक्सलवाद सिर्फ चार जिलों तक सीमित रह गया है।
उन्होंने यह भी बताया कि देशभर में 400 से ज्यादा फॉरवर्ड ऑपरेटिंग बेस (FOB) बनाए गए हैं, जिनकी वजह से नक्सल प्रभावित इलाकों में 70% से अधिक हिंसा में कमी दर्ज की गई है। उन्होंने कहा, “अब हम नक्सलवाद को खत्म करने के बेहद करीब हैं।”
गृह मंत्री ने सीआरपीएफ की कोबरा बटालियन की विशेष रूप से सराहना करते हुए कहा कि यह बटालियन जंगलों में गुरिल्ला युद्ध की विशेषज्ञ है और नक्सलियों के खिलाफ चलाए जा रहे अभियानों में इनकी भूमिका अत्यंत महत्वपूर्ण रही है।
उन्होंने कहा, “सीएपीएफ और खासकर सीआरपीएफ की कोबरा बटालियन नक्सलवाद को जड़ से खत्म करने में निर्णायक भूमिका निभा रही है।”
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