अखिलेश यादव का चुनाव आयोग पर आरोप, कहा अब निष्पक्षता नहीं बची

Date:

AI Audio Companion Ready to stream
0:00
0:00 left

अखिलेश यादव ने चुनाव आयोग पर लगाए गंभीर पक्षपात के आरोप, कहा अब निष्पक्षता नहीं बची। समाजवादी पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष अखिलेश यादव ने 23 सितंबर 2026 को लखनऊ में एक प्रेस कॉन्फ्रेंस के दौरान चुनाव आयोग की निष्पक्षता पर सवाल उठाए। उन्होंने बताया कि आयोग, जिसे सबसे निष्पक्ष माना जाता था, अब पूरी तरह निष्पक्ष नहीं रहा है। यह आरोप उनकी उस प्रतिक्रिया के बाद सामने आए, जो ‘द इंडियन एक्सप्रेस’ की रिपोर्ट के बाद आई।

चुनाव आयोग की कार्यप्रणाली पर उठे सवाल

अखिलेश यादव ने कहा कि चुनाव आयोग के दो आयुक्त, सुखबीर सिंह संधू और विवेक जोशी, पिछले 10 महीनों में स्पेशल इंटेंसिव रिवीजन (SIR) प्रक्रिया और मतदाता सूची में बदलाव को लेकर कम से कम 14 बार अपनी लिखित आपत्ति दर्ज करा चुके हैं। इसके बावजूद चुनाव आयोग ने इस मामले में कोई ठोस कदम नहीं उठाया। इस पर सपा ने आयोग की निष्पक्षता पर सवाल खड़े किए हैं।

मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार पर निशाना

अखिलेश यादव ने मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार पर भी आरोप लगाए। उन्होंने मांग की कि उत्तर प्रदेश के आगामी 2027 विधानसभा चुनाव उनकी देखरेख में न हों। उनका कहना था कि आयोग के शीर्ष अधिकारी ‘कठपुतली’ की तरह काम कर रहे हैं और राजनीति के दबाव में फैसले ले रहे हैं। इस आरोप ने चुनाव आयोग की विश्वसनीयता पर बड़ा सवाल खड़ा किया है।

मतदाता सूची से नाम हटाने का आरोप

सपा प्रमुख ने कहा कि 2022 के विधानसभा चुनाव और विभिन्न उपचुनावों में समाजवादी पार्टी के समर्थकों को निशाना बनाकर उनके नाम मतदाता सूची से हटाए गए। उन्होंने बताया कि इस संबंध में सपा ने चुनाव आयोग के समक्ष कई शिकायतें और हलफनामे प्रस्तुत किए, लेकिन आयोग ने कोई कार्रवाई नहीं की। इस कारण लोकतंत्र की जड़ें कमजोर हो रही हैं।

लोकतंत्र के लिए खतरा और अंतिम चुनाव की चेतावनी

अखिलेश यादव ने चेतावनी दी कि अगर चुनाव आयोग का रवैया यही रहा तो भविष्य में जनता से मतदान का अधिकार छीन लिया जाएगा। उन्होंने इसे लोकतंत्र के लिए घोर खतरा बताया। उनका कहना था कि यह आखिरी चुनाव हो सकता है अगर निष्पक्षता को इस तरह कुचला गया। उन्होंने इसे संवैधानिक अपराध करार दिया।

चुनाव आयोग का जवाब और स्थिति

विपक्ष के आरोपों के जवाब में चुनाव आयोग ने कहा कि सभी बड़े निर्णय, विशेषकर स्पेशल इंटेंसिव रिवीजन (SIR), तीनों चुनाव आयुक्तों की सर्वसम्मति से लिए गए हैं। आयोग ने स्पष्ट किया कि केवल कुछ नोट्स को बाहर दिखाया जा रहा है, जबकि पूरे मामले में बहुमत से फैसले लिए गए हैं। फिलहाल, यह विवाद चुनाव आयोग की विश्वसनीयता पर छाया हुआ है।

आम आदमी पर पड़ने वाले प्रभाव

चुनाव आयोग की निष्पक्षता पर उठे सवाल सीधे तौर पर आम जनता को प्रभावित कर सकते हैं। यदि मतदाता सूची में गड़बड़ी होती रही, तो कई मतदाता अपने अधिकारों से वंचित रह सकते हैं। इससे चुनाव का परिणाम भी प्रभावित हो सकता है और लोकतंत्र की नींव कमजोर पड़ सकती है। ऐसे में चुनाव की प्रक्रिया पर विश्वास बनाए रखना बेहद जरूरी है।

आगे की संभावनाएं और राजनीतिक परिदृश्य

आगे चलकर यह देखना होगा कि क्या चुनाव आयोग इस विवाद को सुलझा पाता है। विपक्ष की मांग है कि उत्तर प्रदेश के विधानसभा चुनाव स्वतंत्र और निष्पक्ष तरीके से आयोजित हों। चुनाव आयोग की भूमिका पर निगरानी बढ़ेगी और राजनीतिक दबाव भी बढ़ सकते हैं। हालात चुनावी महौल को प्रभावित कर सकते हैं।

Ardhendu Bhushan - Consulting Editor
Ardhendu Bhushan - Consulting Editorhttp://www.hbtvnews.com
Ardhendhu Bhushan is a senior consulting editor with extensive experience in the media industry. He is recognized for his sharp editorial insight and strategic guidance.

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here

Share post:

Subscribe

spot_imgspot_img

Popular

Recent News
Related

UNHRC में भारत ने पाकिस्तान को दिया करारा जवाब, जम्मू-कश्मीर को बताया अभिन्न अंग

UNHRC में भारत ने जम्मू-कश्मीर को अभिन्न अंग बताया और पाकिस्तान को करारा जवाब दिया। PoK में मानवाधिकार उल्लंघन पर भी चर्चा हुई।

स्टांप ड्यूटी घोटाले पर एक्शन में ईडी, बिल्डर विवेक चुघ को नोटिस, रजिस्ट्रार और उप रजिस्ट्रार भी नपेंगे

प्रवर्तन निदेशालय ने स्टांप ड्यूटी घोटाले में बिल्डर विवेक चुघ को नोटिस दिया है। रजिस्ट्रार और उप रजिस्ट्रार भी जांच के दायरे में हैं।

बजार में वापसी: निफ्टी 117 अंक ऊपर, सेंसेक्स 299 अंक बढ़ा, जानें 3 बड़ी वजहें

23 सितंबर 2026 को निफ्टी 117 अंक ऊपर बंद हुआ। बाजार में तेजी की तीन प्रमुख वजहों को समझें। सेंसेक्स भी 299 अंक चढ़ा।

नेपाल के पीएम बालेन्द्र शाह का नवंबर में भारत दौरा तय, दिल्ली आएंगे 23-25 तारीख़ को

नेपाल के पीएम बालेन्द्र शाह का नवंबर में भारत दौरा तय हो गया है। 23 से 25 नवंबर 2026 को नई दिल्ली में यह यात्रा होगी। इस दौरान द्विपक्षीय मुद्दों पर चर्चा होगी।

मीराबाई चानू ने एशियन गेम्स 2026 में 49 किग्रा वेटलिफ्टिंग में जीता सिल्वर मेडल

मीराबाई चानू ने एशियन गेम्स 2026 में 49 किग्रा वेटलिफ्टिंग में सिल्वर मेडल जीता। इस जीत से भारत का 28 साल का पदक सूखा खत्म हुआ।

भारत के सबसे बड़े SIR स्कैंडल पर केजरीवाल की तीन अहम मांगें

भारत के सबसे बड़े SIR स्कैंडल को लेकर अरविंद केजरीवाल ने तीन अहम मांगें रखीं। उन्होंने SIR प्रक्रिया को रद्द करने और चुनाव आयुक्त की गिरफ्तारी की मांग की।

बांधवगढ़ रिजर्व में गौर का कुनबा बढ़ा, कान्हा में वन भैंसे को पुनः बसाया गया

बांधवगढ़ रिजर्व में गौर का कुनबा बढ़ा है, जबकि कान्हा में वन भैंसे को पुनः बसाया गया है। यह दोनों वन्यजीव संरक्षण प्रयास सफल साबित हो रहे हैं।

एमपी सरकार बदलेगी अग्निवीरों की नौकरी नियम, कोटा 10% से बढ़ाकर 20% करेगी

मध्य प्रदेश सरकार अग्निवीरों की नौकरी नियम में बदलाव करेगी। आरक्षण कोटा 10% से बढ़ाकर 20% करने की तैयारी जारी है।

फेसबुक पर ड्राय फ्रूट का झूठा विज्ञापन, इंदौर में ऑनलाइन ठगी की वारदात

इंदौर में फेसबुक पर ड्राय फ्रूट का झूठा विज्ञापन देखकर ऑनलाइन ठगी की वारदात सामने आई है। पीड़ित महिला के खाते से ₹91,000 की ठगी हुई।

मप्र में अगले चार दिन भारी बारिश की संभावना, अलर्ट जारी

मध्य प्रदेश में अगले चार दिन भारी बारिश की संभावना के कारण मौसम विभाग ने अलर्ट जारी किया है। 25 और 26 सितंबर को विशेष सावधानी जरूरी है।