👉 यह भी पढ़ें:
- West Bengal: कोयल मल्लिक के इस्तीफे पर भड़कीं ममता बनर्जी, कहा-जिसे जहां जाना है 21 जुलाई से पहले चला जाए
- Mamata Banerjee को एक और झटका, टीएमसी सांसद कोयल मल्लिक ने दिया राज्यसभा से इस्तीफा
- Mamata Banerjee ने कहा-भाजपा चाहती थी कि मुझे हार्ट अटैक आ जाए, भतीजे अभिषेक बनर्जी का किया बचाव
- Mamata Banerjee: ममता बनर्जी ने जारी किया वीडियो संदेश-मुझे चुप कराना है तो मेरी जान लेनी होगी
- West Bengal Rape Murder Case: 12 साल की बच्ची के रेप-मर्डर का मुख्य आरोपी पुलिस एनकाउंटर में ढेर, Crime Scene Recreation के दौरान छीन ली थी राइफल
- West Bengal Politics: Baruipur Murder Case पर गरमाई सियासत, TMC का आरोप- ‘Mamata Banerjee को घर से निकलने से रोका’
0:00 left
कोलकाता। चुनाव आयोग के पश्चिम बंगाल सहित कई राज्यों में विधानसभा चुनाव की घोषणा से पहले ही सीएम ममता बनर्जी ने एक बड़ा दांव खेल दिया है। उन्होंने राज्य के पुजारी और मुअज्जिनों की मासिक मानदेय राशि 500 रुपये बढ़ाकर 2000 रुपये प्रति माह करने की घोषणा की है।
सीएम ममता बनर्जी ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर पोस्ट कर कहा कि ये लोग हमारी समुदायों के आध्यात्मिक और सामाजिक जीवन को बनाए रखने में अहम भूमिका निभाते हैं, इसलिए उन्हें यह सहयोग दिया जा रहा है। साथ ही, जिन्होंने नए आवेदन राज्य सरकार को प्रस्तुत किए थे, उन्हें भी मंजूरी दे दी गई है। ममता बनर्जी ने कहा कि उनकी सरकार हर समुदाय और परंपरा का सम्मान करती है और यह सुनिश्चित करती है कि हमारी धार्मिक और सांस्कृतिक विरासत के संरक्षक को पूरा सहयोग और मान्यता मिले।
इसके साथ ही सीएम ममता बनर्जी ने बंगाल के कर्मचारियों और पेंशनरों को लेकर भी बड़ा एलान किया। एक अलग पोस्ट में मुख्यमंत्री ममता बनर्जी ने घोषणा की है कि उनकी सरकार ने अपने कर्मचारियों और पेंशनरों के साथ–साथ राज्य के शैक्षिक संस्थानों के लाखों शिक्षक और गैर–शिक्षक स्टाफ, तथा पंचायत, नगरपालिका और अन्य स्थानीय निकायों के कर्मचारियों/पेंशनरों के लिए अपना वादा पूरा कर दिया है। सीएम ने कहा कि अब ये सभी लोग ROPA 2009 के डीए बकाया की राशि मार्च 2026 से प्राप्त करना शुरू कर देंगे। इसे लागू करने की पूरी प्रक्रिया और नियम सरकारी नोटिफिकेशन में स्पष्ट किए गए हैं। ममता बनर्जी ने बताया कि यह कदम कर्मचारियों और पेंशनरों के हित में सरकार की प्रतिबद्धता का हिस्सा है और इसका उद्देश्य सभी को समय पर आर्थिक लाभ सुनिश्चित करना है।



