चमोली: उत्तराखंड के चमोली जिले के पीपलकोटी में निर्माणाधीन टीएचडीसी टनल हादसे के बाद जारी रेस्क्यू ऑपरेशन में एक और लापता श्रमिक का शव बरामद किया गया है। शनिवार को बचाव अभियान के दौरान देवनाथ नाम के श्रमिक का शव टनल से बाहर निकाला गया। वह छत्तीसगढ़ के दहीकोंगा गांव के रहने वाले थे।
मायापुर (पीपलकोटी) स्थित टीएचडीसी की निर्माणाधीन सुरंग में 13 अगस्त की शाम अचानक पानी भर गया था, जिसके बाद अंदर मौजूद श्रमिकों को सुरक्षित निकालने के लिए बड़े स्तर पर रेस्क्यू अभियान शुरू किया गया।
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22 श्रमिकों में 12 सुरक्षित, 8 की मौत
प्रशासन के अनुसार, हादसे के समय टनल में कुल 22 श्रमिक मौजूद थे। इनमें से अब तक 12 श्रमिकों को सुरक्षित बाहर निकाल लिया गया है, जबकि 8 श्रमिकों की मौत हो चुकी है। शनिवार को देवनाथ का शव मिलने के बाद मृतकों की संख्या 8 हो गई है।
मृत 8 श्रमिकों में 3 छत्तीसगढ़, 2 उत्तर प्रदेश, 2 उत्तराखंड और 1 झारखंड के रहने वाले बताए गए हैं।
फिलहाल 2 श्रमिक अब भी लापता हैं। इनमें एक श्रमिक छत्तीसगढ़ और दूसरा झारखंड का रहने वाला है। दोनों की तलाश के लिए रेस्क्यू टीम लगातार अभियान चला रही है।
SDRF और NDRF की टीमें जुटीं
रेस्क्यू ऑपरेशन की जिला प्रशासन लगातार निगरानी कर रहा है। बचाव अभियान में एसडीआरएफ, एनडीआरएफ, जिला पुलिस, प्रशासन और अन्य संबंधित एजेंसियां शामिल हैं। टनल के भीतर लापता श्रमिकों तक पहुंचने के लिए लगातार प्रयास किए जा रहे हैं।
चमोली टनल हादसे ने एक बार फिर निर्माणाधीन सुरंगों में श्रमिकों की सुरक्षा और आपदा प्रबंधन को लेकर गंभीर सवाल खड़े किए हैं। अब सभी की नजर इस बात पर है कि रेस्क्यू टीमें बाकी दो लापता श्रमिकों को कब तक सुरक्षित बाहर निकाल पाती हैं।



