बिन्यामिन नेतन्याहू ने साफ कर दिया है कि लेबनान के साथ किसी भी तरह का कोई संघर्ष विराम लागू नहीं है। उन्होंने उत्तरी इजराइल के नागरिकों को संबोधित करते हुए कहा कि हिजबुल्लाह के खिलाफ सैन्य कार्रवाई पूरी ताकत के साथ जारी रहेगी और तब तक नहीं रुकेगी जब तक नागरिकों की सुरक्षा सुनिश्चित नहीं हो जाती।
प्रधानमंत्री कार्यालय द्वारा साझा किए गए एक वीडियो में नेतन्याहू ने कहा,
मैं आपको स्पष्ट करना चाहता हूं कि लेबनान में कोई संघर्ष विराम लागू नहीं है। हम पूरी ताकत से हिजबुल्लाह पर हमले कर रहे हैं और आपकी सुरक्षा बहाल होने तक यह अभियान जारी रहेगा।”
👉 यह भी पढ़ें:
- UN की बड़ी कार्रवाई: यौन हिंसा के आरोपों पर इजरायल और रूस ब्लैकलिस्ट, रिपोर्ट में गंभीर खुलासे
- गाजा पर इजराइल का बड़ा सैन्य दांव: नेतन्याहू ने 70% क्षेत्र पर कब्जे का दिया निर्देश
- लेबनान में बढ़ा युद्ध का खतरा: इजराइल ने बड़े इलाके को घोषित किया ‘युद्ध क्षेत्र’, लोगों को तुरंत खाली करने का आदेश
- युद्धविराम के बीच फिर बरसी मौत: दक्षिणी लेबनान में इजराइली हमलों से मातम
हालांकि इससे पहले उन्होंने एक अलग बयान में संकेत दिए थे कि लेबनान के साथ बातचीत की संभावना पर काम हो रहा है। नेतन्याहू ने बताया कि लेबनान की ओर से बार-बार सीधे संवाद की मांग को देखते हुए उन्होंने अपनी कैबिनेट को जल्द बातचीत शुरू करने के निर्देश दिए हैं।
उन्होंने लेबनान के प्रधानमंत्री द्वारा ‘बेरूत के निरस्त्रीकरण’ की अपील की सराहना करते हुए कहा कि प्रस्तावित बातचीत का मुख्य उद्देश्य हिजबुल्लाह को हथियार छोड़ने के लिए मजबूर करना और इजराइल-लेबनान के बीच शांतिपूर्ण संबंध स्थापित करना होगा।
इस बयान से साफ है कि जहां एक ओर सैन्य कार्रवाई जारी है, वहीं दूसरी ओर कूटनीतिक प्रयासों के दरवाजे भी खुले रखे गए हैं।


