एम्स्टेलवीन। देश के 80वें स्वतंत्रता दिवस के मौके पर भारतीय पुरुष हॉकी टीम ने देशवासियों को शानदार जीत का तोहफा दिया। नीदरलैंड्स के एम्स्टेलवीन स्थित वेगेनर हॉकी स्टेडियम में खेले गए एफआईएच पुरुष हॉकी विश्व कप 2026 के पूल-डी के शुरुआती मुकाबले में भारत ने वेल्स को 3-1 से शिकस्त देकर टूर्नामेंट में विजयी आगाज किया। कप्तान हरमनप्रीत सिंह ने दो गोल दागे, जबकि संजय राणा ने एक गोल कर भारत की जीत की नींव रखी।
पहले क्वार्टर में भारत का दबदबा
मैच की शुरुआत से ही भारतीय खिलाड़ियों ने आक्रामक तेवर दिखाए। भारत ने शुरुआती क्वार्टर में ही वेल्स पर दबाव बना लिया और लगातार पेनल्टी कॉर्नर हासिल किए। संजय राणा ने 8वें मिनट में पेनल्टी कॉर्नर को गोल में बदलकर भारत को 1-0 की बढ़त दिलाई। इसके कुछ ही मिनट बाद कप्तान हरमनप्रीत सिंह ने भी पेनल्टी कॉर्नर पर गोल करते हुए भारत की बढ़त 2-0 कर दी।पहले क्वार्टर में भारत की रफ्तार और गेंद पर पकड़ ने वेल्स को बैकफुट पर धकेल दिया। भारतीय डिफेंस ने भी विपक्षी टीम को गोल करने के ज्यादा मौके नहीं दिए।
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हरमनप्रीत ने फिर दिखाया कमाल
दूसरे क्वार्टर में वेल्स ने वापसी की कोशिश की और भारतीय सर्किल में कुछ हमले किए, लेकिन भारतीय रक्षापंक्ति ने उन्हें ज्यादा प्रभावी नहीं होने दिया। हाफ टाइम तक भारत ने अपनी 2-0 की बढ़त कायम रखी। तीसरे क्वार्टर में एक बार फिर कप्तान हरमनप्रीत सिंह का जादू देखने को मिला। 43वें मिनट में उन्होंने अपना दूसरा गोल दागकर भारत को 3-0 की मजबूत बढ़त दिला दी। हरमनप्रीत की शानदार ड्रैग-फ्लिक ने भारतीय खेमे में उत्साह भर दिया।
आखिरी क्वार्टर में वेल्स ने खाता खोला
तीन गोल से पिछड़ने के बाद वेल्स ने अंतिम क्वार्टर में अपना आक्रमण तेज किया। उसे इसका फायदा भी मिला और टीम ने एक गोल कर अंतर को 1-3 कर दिया। हालांकि भारतीय खिलाड़ियों ने इसके बाद संयम बनाए रखा और वेल्स को लगातार दबाव बनाने का मौका नहीं दिया। अंतिम सीटी बजते ही भारत ने 3-1 से मुकाबला अपने नाम कर लिया। भारत पूरे मैच में अधिकांश समय नियंत्रण में रहा और विश्व कप अभियान की शानदार शुरुआत करने में सफल रहा।
स्वतंत्रता दिवस पर जीत ने बढ़ाया उत्साह
भारत के लिए इस जीत की खासियत सिर्फ विश्व कप में मिली तीन अंक की बढ़त नहीं रही, बल्कि यह मुकाबला स्वतंत्रता दिवस के दिन खेला गया था। भारतीय प्रशंसकों ने भी एम्स्टेलवीन में तिरंगे और देशभक्ति के रंग में टीम का उत्साह बढ़ाया। विदेशी धरती पर भारतीय हॉकी प्रशंसकों की मौजूदगी ने मुकाबले को खास माहौल दिया। भारत ने इस जीत के साथ पूल-डी में तीन अंक हासिल कर लिए हैं और फिलहाल +2 के गोल अंतर के साथ शीर्ष पर है। इस पूल में भारत के अलावा इंग्लैंड, पाकिस्तान और वेल्स शामिल हैं।
क्या खत्म होगा 51 साल का सूखा
भारतीय टीम इस विश्व कप में सिर्फ मैच जीतने नहीं, बल्कि 51 साल से चले आ रहे विश्व कप खिताब के सूखे को खत्म करने के इरादे से उतरी है। भारत ने आखिरी बार 1975 में पुरुष हॉकी विश्व कप का खिताब जीता था। ऐसे में वेल्स के खिलाफ जीत टीम के लिए आत्मविश्वास बढ़ाने वाली शुरुआत है। हालांकि पूल-डी में भारत के सामने आगे बड़ी चुनौतियां हैं। भारत का अगला मुकाबला 17 अगस्त को इंग्लैंड से होगा, जबकि 19 अगस्त को पाकिस्तान के खिलाफ बहुप्रतीक्षित मुकाबला खेला जाएगा। वेल्स के खिलाफ जीत के बाद भारतीय टीम की नजर अब इन दोनों अहम मुकाबलों पर होगी।



