इजराइल ने फ्रीडम फ़्लोटिला के कार्यकर्ताओं को देश छोड़ने का दिया आदेश, नहीं मानने पर कानूनी कार्रवाई की चेतावनी
इजराइल के विदेश मंत्रालय ने मंगलवार को घोषणा की है कि गाजा पट्टी की ओर जा रहे फ्रीडम फ़्लोटिला कोएलिशन (FFC) के कार्यकर्ताओं को उनके देश वापस भेजा जाएगा। यह जानकारी इजराइली मंत्रालय ने अपने एक्स अकाउंट के माध्यम से साझा की।
👉 यह भी पढ़ें:
- Middle East Crisis: होर्मुज में बड़ा एक्शन! अमेरिका ने मार गिराए ईरान के 2 ड्रोन, क्या युद्ध की ओर बढ़ रही दुनिया?
- Middle East Ceasefire Breakthrough! हिजबुल्लाह और इजराइल में बड़ी डील, ट्रंप की मध्यस्थता से रुकेगा युद्ध?
- अमेरिका में बड़ा एक्शन! ‘ऑपरेशन चेकमेट’ में 30 भारतीय ट्रक ड्राइवर गिरफ्तार, अब होगी देश निकाले की कार्रवाई
- Abhishek Banerjee Attack Case: हमले के बाद बड़ा एक्शन! 5 आरोपी गिरफ्तार, बंगाल की राजनीति में मचा तूफान

‘सेल्फी यॉट’ के यात्रियों को भेजा जाएगा उनके देश
मंत्रालय की ओर से पोस्ट में कहा गया सेल्फी यॉट’ के यात्रियों को उनके देश भेजने के लिए बेन गुरियन एयरपोर्ट लाया गया
न मानने पर होगी कानूनी कार्रवाई
इजराइली विदेश मंत्रालय ने साफ़ कर दिया है कि यदि कोई कार्यकर्ता इजराइल छोड़ने से इनकार करता है या जरूरी दस्तावेज़ों पर साइन नहीं करता, तो उनके खिलाफ कानूनी कार्रवाई की जाएगी। मंत्रालय ने कहा जो लोग दस्तावेज़ों पर साइन नहीं कर रहे हैं, उन्हें अदालत में पेश किया जाएगा ताकि उनके डिपोर्टेशन की कानूनी प्रक्रिया पूरी की जा सके। यात्रियों से उनके देश के राजनयिक अधिकारी एयरपोर्ट पर मिले हैं।”
मानवीय मदद लेकर जा रहा था जहाज
इजराइली सेना ने सोमवार को फ्रीडम फ़्लोटिला कोएलिशन के जहाज को रोक लिया था, जो गाजा पट्टी में मानवीय मदद लेकर जा रहा था।
क्या है फ्रीडम फ़्लोटिला कोएलिशन?
फ्रीडम फ़्लोटिला कोएलिशन (FFC) एक जन आधारित वैश्विक एकजुटता आंदोलन है, जिसमें कई देशों के संगठन और नागरिक शामिल हैं। इस समूह का उद्देश्य है ग़ज़ा पर इजराइली नाकेबंदी को समाप्त करना और वहाँ मानवीय सहायता पहुँचाना।
इस घटना को लेकर अंतरराष्ट्रीय स्तर पर प्रतिक्रियाएं आ सकती हैं, क्योंकि यह मुद्दा इंसानी मदद और राजनीतिक नियंत्रण के बीच संतुलन से जुड़ा है।


