आयरलैंड के राष्ट्रपति ने भारतीयों पर हमलों की निंदा की, योगदान को सराहा
आयरलैंड के राष्ट्रपति माइकल डी हिगिंस ने मंगलवार को भारतीयों पर हुए हालिया घृणित हमलों की कड़ी निंदा करते हुए कहा कि ये घटनाएं आयरलैंड के मूल्यों के विपरीत हैं। उनका बयान डबलिन और अन्य शहरों में भारतीयों पर हुए हिंसक हमलों के बाद आया।
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भारतीय समुदाय के प्रति सम्मान
हिगिंस ने कहा, भारत के लोगों को हम प्रिय मानते हैं। आयरलैंड में किसी भी व्यक्ति, खासकर किसी युवा को छल-कपट या उकसावे के जरिये इस तरह के व्यवहार में घसीटना निंदनीय है। उन्होंने चेताया कि चाहे ऐसा उकसावा अज्ञानता से हो या दुर्भावना से, इसका नुकसान स्वीकार करना जरूरी है क्योंकि ऐसे कृत्य समाज को कमजोर करते हैं।
भारतीयों का योगदान
राष्ट्रपति ने बताया कि भारतीयों ने चिकित्सा, नर्सिंग, देखभाल, सांस्कृतिक जीवन, व्यापार और उद्यम जैसे क्षेत्रों में महत्वपूर्ण योगदान दिया है। उन्होंने कहा, “भारतीयों की उपस्थिति, कार्य और संस्कृति हमारे जीवन में समृद्धि और उदारता का स्रोत हैं।”
भारत-आयरलैंड संबंध
हिगिंस ने इस वर्ष की शुरुआत में भारतीय विदेश मंत्री एस. जयशंकर से मुलाकात का जिक्र करते हुए कहा कि दोनों देशों के बीच संबंध न तो नए हैं और न ही सतही, बल्कि साझा इतिहास और स्वतंत्रता संघर्ष के अनुभवों से जुड़े हैं।
प्रवासन और मानवीय दृष्टिकोण
राष्ट्रपति ने कहा कि आयरलैंड लंबे समय से बाहरी और आंतरिक प्रवासन से प्रभावित रहा है, और विदेश गए आयरिश लोग भी अजनबियों की उदारता पर निर्भर रहे हैं। यही मानवीय अनुभव यहां आने वाले प्रवासियों के साथ व्यवहार का आधार होना चाहिए।
सोशल मीडिया पर चेतावनी
हिगिंस ने कहा कि सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म को नफरत या हिंसा भड़काने वाले संदेशों से कभी विषाक्त नहीं किया जाना चाहिए, क्योंकि ये न केवल व्यक्तियों को निशाना बनाते हैं, बल्कि आयरिश समाज की आतिथ्य, मित्रता और देखभाल जैसी मूल प्रवृत्तियों को भी नुकसान पहुंचाते हैं। उन्होंने जोर देकर कहा कि एक ऐसा आयरलैंड होना चाहिए जहां सभी समुदाय सुरक्षा, सम्मान और आपसी सद्भाव के साथ रह सकें।


