अभिजीत दीपके हिरासत में, ममता बनर्जी ने दिल्ली पुलिस की कार्रवाई पर सवाल उठाए

Date:

AI Audio Companion Ready to stream
0:00
0:00 left

अभिजीत दीपके हिरासत में लिए जाने की घटना ने दिल्ली में राजनीतिक और सामाजिक हलचल बढ़ा दी है। 16 अक्टूबर 2026 को दिल्ली पुलिस ने कनॉट प्लेस क्षेत्र में प्रस्तावित ‘लहरा दो तिरंगा’ मार्च के दौरान अभिजीत दीपके को हिरासत में लिया। इस कार्रवाई पर पश्चिम बंगाल की मुख्यमंत्री ममता बनर्जी ने दिल्ली पुलिस की कड़ी आलोचना की और सवाल उठाए कि क्या स्वतंत्र भारत में तिरंगा थामने के लिए युवाओं को हिरासत में लिया जाएगा।

दिल्ली पुलिस की कार्रवाई और कानूनी आधार

दिल्ली पुलिस ने बताया कि कनॉट प्लेस में भारतीय नागरिक सुरक्षा संहिता (BNSS) की धारा 163 लागू थी, जो पूर्व की धारा 144 के समान है। पुलिस ने कहा कि सुरक्षा कारणों और आवश्यक अनुमतियां न होने के चलते यह कदम उठाया गया। अभिजीत दीपके को पुलिस ने सेंट्रल पार्क पहुंचने से पहले ही हिरासत में लिया, जबकि वह राष्ट्रीय ध्वज तिरंगा लेकर शांतिपूर्ण प्रदर्शन करने जा रहे थे।

इसके अलावा, पुलिस ने तिरंगा मार्च को लेकर व्यापक सुरक्षा इंतजाम किए। मध्य दिल्ली में लगभग 220 केंद्रीय सशस्त्र पुलिस बल की कंपनियां तैनात की गईं ताकि किसी भी अप्रिय घटना को रोका जा सके।

अभिजीत दीपके हिरासत में तिरंगा मार्च को लेकर दिल्ली पुलिस कार्रवाई

ममता बनर्जी ने दिल्ली पुलिस पर अघोषित आपातकाल का आरोप लगाया

ममता बनर्जी ने पुलिस की कार्रवाई को अघोषित आपातकाल करार दिया। उन्होंने कहा कि आजाद भारत में युवाओं को उनके लोकतांत्रिक अधिकारों का प्रयोग करने पर हिरासत में लेना डराने-धमकाने जैसी फासीवादी नीति का हिस्सा है। उन्होंने अभिजीत दीपके, आशुतोष और सौरव को भारत के युवाओं के साहस और जमीर का प्रतिनिधि बताया और कहा कि उनकी आवाज दबाई नहीं जा सकती।

ममता ने अपने सोशल मीडिया पोस्ट में कहा कि यह सरकार असहमति से डरती है और पूरी एक पीढ़ी को डराने की कोशिश कर रही है। उनका कहना था कि लोकतंत्र, आजादी और असहमति जताने का अधिकार हर कीमत पर बचाना होगा।

पूर्व विरोध प्रदर्शनों के संदर्भ में अभिजीत दीपके की गिरफ्तारी

यह पहली बार नहीं है जब अभिजीत दीपके को हिरासत में लिया गया हो। 10 अक्टूबर 2026 को मुख्य चुनाव आयुक्त के खिलाफ विरोध प्रदर्शनों के दौरान दिल्ली एयरपोर्ट और जंतर-मंतर के आसपास अभिजीत दीपके, सौरव दास, आशुतोष रांका और अन्य नेताओं को पुलिस ने हिरासत में लिया था।

इस बार भी, तिरंगा मार्च से पहले अभिजीत दीपके को हिरासत में लेना विरोध प्रदर्शनों के क्रम में देखा जा रहा है। इससे राजनीतिक माहौल और भी गर्म हो गया है।

सामाजिक और राजनीतिक प्रतिक्रिया

अभिजीत दीपके की हिरासत के बाद विपक्षी दलों ने दिल्ली पुलिस और केंद्र सरकार पर निशाना साधा। समाजवादी पार्टी के प्रमुख अखिलेश यादव ने तंज कसते हुए कहा कि आज ‘एकरंगा’ बनाम ‘तिरंगा’ का दिन है। उन्होंने उन लोगों को कड़ी आलोचना की जो भारतीय तिरंगे से परेशानी महसूस करते हैं।

वहीं, सीजेपी के समर्थक और अन्य राजनीतिक संगठनों ने भी इस कार्रवाई को लोकतंत्र के खिलाफ बताया और युवाओं के अधिकारों की रक्षा की मांग की।

तिरंगा मार्च का राजनीतिक महत्व

कनॉट प्लेस में प्रस्तावित तिरंगा मार्च को लेकर राजनीतिक संवेदनशीलता बढ़ गई है। यह मार्च युवाओं के लोकतांत्रिक अधिकारों और राष्ट्रीयता के भाव को प्रदर्शित करने का प्रयास था। पुलिस की कार्रवाई ने इस आंदोलन को और अधिक चर्चा का विषय बना दिया है।

आगे भी इस मामले में राजनीतिक बयानबाजी और कानूनी कार्रवाई जारी रहने की संभावना है। यह घटना देश के लोकतांत्रिक मूल्यों की रक्षा और विरोध प्रदर्शनों की स्वतंत्रता पर बड़ा सवाल खड़ा करती है।

Ardhendu Bhushan - Consulting Editor
Ardhendu Bhushan - Consulting Editorhttp://www.hbtvnews.com
Ardhendhu Bhushan is a senior consulting editor with extensive experience in the media industry. He is recognized for his sharp editorial insight and strategic guidance.

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here

Share post:

Subscribe

spot_imgspot_img

Popular

Recent News
Related

बैतूल में दूध-केला खाने से 32 बच्चे बीमार, अस्पताल में भर्ती

बैतूल में दूध-केला खाने से 32 बच्चे बीमार हुए और उन्हें अस्पताल में भर्ती कराया गया। स्वास्थ्य विभाग ने दूध के नमूने जांच के लिए भेजे हैं।

लालकृष्ण आडवाणी दिल्ली के अपोलो हॉस्पिटल में भर्ती, सीने में संक्रमण की शिकायत

लालकृष्ण आडवाणी दिल्ली के अपोलो हॉस्पिटल में भर्ती। उन्हें सीने में संक्रमण की शिकायत के कारण पल्मोनरी विभाग में रखा गया है। उनकी स्थिति फिलहाल स्थिर है।

रेलवे ने बदली PNR सीरीज, गतिमान और वंदे भारत ट्रेनों की टिकट होगी आसान

भारतीय रेलवे ने PNR सीरीज में बदलाव किया है। नई व्यवस्था से गतिमान और वंदे भारत ट्रेनों की टिकट बुकिंग आसान होगी।

Film Nayyi Navelli : गलती से भी ये ‘मिश्टेक’ मत करना…

नई नवेली फिल्म में दशहरे के आसपास रामायण और हॉरर-कॉमेडी का असफल मेल है। कमजोर कहानी और घटिया वीएफएक्स से यह फिल्म दर्शकों को निराश करती है।

आसमान से दिखा अनोखा नजारा: 1,000 महिलाओं ने बनाई चीता मुखी की आकृति

मध्य प्रदेश के श्योपुर में 1,000 महिलाओं ने मिलकर मानव रंगोली के माध्यम से चीता मुखी की आकृति बनाई। यह आयोजन वन्यजीव संरक्षण का प्रेरक संदेश था।

दिल्ली पुलिस ने मंडी हाउस पर प्रदर्शन कर रही नेहा बोरा को हिरासत में लिया

दिल्ली पुलिस ने मंडी हाउस पर प्रदर्शन कर रही नेहा बोरा को हिरासत में लिया। नेहा बोरा को मुख्य चुनाव आयुक्त के खिलाफ प्रदर्शन के दौरान गिरफ्तार किया गया।

राहुल गांधी का आरोप: दिल्ली पुलिस ने छात्रों पर हमले की FIR दर्ज करने से इनकार

राहुल गांधी ने दिल्ली पुलिस पर आरोप लगाया कि उन्होंने छात्रों पर हमले की FIR दर्ज करने से मना कर दिया। कांग्रेस ने कानूनी कार्रवाई का संकल्प लिया है।

इलाहाबाद HC ने राहुल गांधी पर FIR मांग याचिका पर सुनवाई कर फैसला सुरक्षित रखा

इलाहाबाद हाईकोर्ट ने राहुल गांधी पर FIR मांग याचिका पर सुनवाई पूरी कर फैसला सुरक्षित रख लिया है। याचिका में राहुल गांधी के विवादित बयान शामिल हैं।

भारत ने अमेरिका में हिंदू मंदिर हमले की साजिश पर जताई गहरी चिंता

भारत ने अमेरिका में हिंदू मंदिर हमले की साजिश पर चिंता जताई है। विदेश मंत्रालय ने दोषियों को कड़ी सजा देने और सुरक्षा बढ़ाने की मांग की है।

कांग्रेस सांसद पवन खेड़ा ने कहा- RSS के तंत्र वाली रिजीम बदलेंगे

कांग्रेस सांसद पवन खेड़ा ने कहा कि विपक्ष का लक्ष्य चुनाव के जरिए आरएसएस के तंत्र वाली रिजीम को बदलना है। उन्होंने राजनाथ सिंह के आरोपों पर पलटवार किया।