अभिजीत दीपके ने INDI गठबंधन के प्रदर्शन का समर्थन किया और कहा कि देश को एकजुट होना होगा। इस विरोध प्रदर्शन का मकसद मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार के इस्तीफे की मांग को लेकर आवाज उठाना था। दीपके ने पूरे देश में इस तरह के प्रदर्शन जारी रखने की आवश्यकता पर जोर दिया है।
INDI गठबंधन का विरोध प्रदर्शन दिल्ली में
दिल्ली में INDI गठबंधन ने सुप्रीम कोर्ट और संसद के पास मार्च निकाला और विरोध प्रदर्शन आयोजित किया। इस प्रदर्शन का मुख्य उद्देश्य मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार के इस्तीफे की मांग को लेकर सरकार और चुनाव आयोग पर दबाव बनाना था। विरोध प्रदर्शन में विभिन्न विपक्षी दल और राजनीतिक संगठन शामिल हुए।
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यह प्रदर्शन लोकतंत्र और संवैधानिक संस्थाओं की स्वतंत्रता की रक्षा के लिए एक महत्वपूर्ण कदम माना गया।

अभिजीत दीपके ने खुलकर किया समर्थन
कॉकरोच जनता पार्टी के संस्थापक और राजनीतिक संचार रणनीतिकार अभिजीत दीपके ने INDI गठबंधन के इस विरोध प्रदर्शन का खुलकर समर्थन किया। उन्होंने कहा कि देश को चुनाव आयोग की स्वतंत्रता और लोकतंत्र की रक्षा के लिए एकजुट होना होगा।
दीपके ने स्पष्ट किया कि जब तक मुख्य चुनाव आयुक्त पद से इस्तीफा नहीं देते, देशभर में विरोध जारी रहना चाहिए। उन्होंने इस आंदोलन को लोकतांत्रिक अधिकारों की रक्षा की लड़ाई बताया।
10 अक्टूबर को हिरासत में लिए गए अभिजीत दीपके
10 अक्टूबर 2026 को दिल्ली के इंदिरा गांधी अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डे पर दिल्ली पुलिस ने अभिजीत दीपके, सौरव दास और आशुतोष रांका को एहतियाती हिरासत में लिया। यह कदम जंतर-मंतर पर प्रस्तावित आंदोलन से पहले उठाया गया था।
हिरासत के दौरान तीनों को दिल्ली कैंट पुलिस स्टेशन में रखा गया। 11 अक्टूबर 2026 को सुबह करीब 10 बजे पुलिस ने उन्हें रिहा कर दिया। इस घटना ने प्रदर्शन को लेकर सरकार की सख्ती को दिखाया।

राहुल गांधी के साथ बातचीत का दावा
हिरासत से रिहाई के बाद अभिजीत दीपके ने मीडिया से बातचीत में कहा कि कांग्रेस नेता राहुल गांधी ने उन्हें फोन कर प्रदर्शन में शामिल होने का निमंत्रण दिया था। यह बातचीत विरोध प्रदर्शन की राजनीतिक गहराई को दर्शाती है।
दीपके ने यह भी बताया कि विरोध प्रदर्शन में सभी विपक्षी दलों को एकजुट होना चाहिए ताकि लोकतंत्र और संवैधानिक संस्थाओं की स्वतंत्रता बनी रहे।
गृह मंत्रालय के जंतर-मंतर हटाने के फैसले पर विरोध
केंद्रीय गृह मंत्रालय द्वारा जंतर-मंतर को विरोध प्रदर्शन स्थलों की सूची से हटाने के निर्णय पर अभिजीत दीपके ने कड़ी आपत्ति जताई। उन्होंने कहा कि यह कदम नरेंद्र मोदी सरकार के विरोध प्रदर्शन से डर को दर्शाता है।
दीपके ने कहा कि जंतर-मंतर की जगह हटाने से विरोध रुकेंगे, यह सोच गलत है। इसके बजाय देशभर में जंतर-मंतर जैसी नई जगहें उभरेंगी, जहां लोकतंत्र की आवाज़ बुलंद होगी।
देशभर में विरोध जारी रखने का आह्वान
अभिजीत दीपके ने पूरे देश में INDI गठबंधन के समर्थन में विरोध प्रदर्शन जारी रखने का आह्वान किया है। उन्होंने कहा कि चुनाव आयोग की स्वतंत्रता और लोकतंत्र की रक्षा के लिए यह आवश्यक है कि सभी नागरिक एकजुट होकर आवाज उठाएं।
उन्होंने यह भी कहा कि विरोध प्रदर्शन शांतिपूर्ण लेकिन दृढ़ रहेंगे, ताकि संवैधानिक संस्थाओं की गरिमा बनी रहे।



