कोलकाता। केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने रविवार को पश्चिम बंगाल में दुनिया के सबसे बड़े दही उत्पादन संयंत्र की बंगाल में आधारशिला रखी। इस अवसर पर अमित शाह ने अपने संबोधन में कहा कि पश्चिम बंगाल विधानसभा चुनावों में भाजपा की प्रचंड जीत के साथ यह बंगलावासियों के लिए पीएम मोदी की भेंट हैं। कार्यक्रम में मुख्यमंत्री शुभेंदु अधिकारी और अमूल ब्रांड के तहत डेरी उत्पादों का विपणन करने वाली गुजरात को-ऑपरेटिव मिल्क मार्केटिंग फेडरेशन (जीसीएमएमएफ) के वरिष्ठ अधिकारी मौजूद थे।
गृह मंत्री शाह ने कहा कि सीएम शुभेंदु अधिकारी के नेतृत्व वाली नई बीजेपी सरकार ने वाम दलों और तृणमूल कांग्रेस के दशकों के कुशासन के बाद ‘सोनार बांग्ला’ के सपने को साकार करने की फिर से मुहिम शुरू की है। पश्चिम बंगाल तीन दशक तक विदेशी विचारधारा से प्रभावित कम्युनिस्ट सरकार के अधीन रहा। इसके बाद तृणमूल कांग्रेस के चंगुल में फंस गया, जो विचारधारा विहीन, भ्रष्ट और आपराधिक तत्वों से जुड़ी थी। दोनों आंखों के सामने गुरुदेव रवींद्रनाथ ठाकुर के ‘सोनार बांग्ला’ के सपने को नष्ट कर दिया गया। हमने घुसपैठ रोकने, कानून-व्यवस्था मजबूत करने और महिलाओं की सुरक्षा बेहतर करने के लिए कई कदमों पर चर्चा की और निर्णय लिए हैं।
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बंगाल को पीछे ले गईं पहले की सरकारें
अमित शाह ने कहा कि कभी पश्चिम बंगाल हर क्षेत्र में आगे था। चाहे पढ़ाई और या फिर रोजगार। उन्होंने कहा कि आजादी की लड़ाई में भी बंगाल आगे था, लेकिन पहले की सरकारों ने बंगाल को पीछे ले जाने का काम किया। शाह ने कहा कि भाजपा ने नई सरकार बनाने के बाद घुसपैठ औ महिला सुरक्षा के मोर्चे पर काम किया है।
हर दिन बनेगी एक हजार टन दही
700 करोड़ रुपये के निवेश से हावड़ा फूड पार्क में बनने वाली इस परियोजना की प्रतिदिन लगभग 30 लाख लीटर दूध प्रसंस्करण की क्षमता होगी। एक आधिकारिक बयान के अनुसार, संयंत्र में हर दिन करीब 1,000 टन दही और अन्य संवर्धित डेरी उत्पादों का उत्पादन किया जा सकेगा। इसके पूरा होने के बाद यह दुनिया की सबसे बड़ी दही उत्पादन इकाई बन जाएगी। बयान में कहा गया कि इस परियोजना से पश्चिम बंगाल के 1.25 लाख से अधिक डेरी किसानों को लाभ मिलने की उम्मीद है, जिनमें 30,000 से अधिक महिलाएं शामिल हैं। इससे किसानों को दूध के लिए स्थिर बाजार उपलब्ध होगा और राज्य में डेरी सहकारी नेटवर्क को मजबूती मिलेगी।
बंगाल के विकास में अब देरी नहीं
शाह ने कहा कि मैंने सुवेंदुजी के कामकाज की गति को देखा है, इसलिए मैं दावे के साथ कह सकता हूं कि बंगाल के विकास में अब देर नहीं है। बहुत जल्द बंगाल देश के अग्रणी राज्यों की सूची में शामिल होगा। शाह ने कहा कि सहकारी आंदोलन के ज़रिए बंगाल के किसानों को समृद्ध बनाने के मकसद से मैंने सुवेंदु जी को एक चिट्ठी लिखी थी। उसका जवाब इतनी तेज़ी से आया कि मैं भी हैरान रह गया। मेरा ईमेल शाम को उन तक पहुंचा और 9 बजे तक एक संपर्क अधिकारी नियुक्त कर दिया गया। मुझे जवाब मिला कि बंगाल सरकार का एक अधिकारी मेरे मंत्रालय के साथ तालमेल बिठाएगा।



