कर्नाटक की राजधानी बेंगलुरु में गुरुवार सुबह एक दर्दनाक हादसे ने सभी को झकझोर दिया। बेंगलुरु साउथ तालुक के मदापट्टाना स्थित एक पत्थर खदान (Stone Quarry) में करीब 40 फीट ऊंचाई से विशाल चट्टान गिरने से बिहार के 7 मजदूरों की मौत हो गई। हादसे के समय मजदूर पत्थर क्रशर स्थल पर काम कर रहे थे।
पुलिस के अनुसार, दुर्घटना सुबह तड़के उस समय हुई, जब खदान में नियमित संचालन कार्य चल रहा था। चट्टान अचानक मजदूरों पर आ गिरी, जिससे कई श्रमिक उसके नीचे दब गए। सूचना मिलते ही पुलिस, दमकल और बचाव दल मौके पर पहुंचे और बड़े पैमाने पर राहत एवं बचाव अभियान शुरू किया।
👉 यह भी पढ़ें:
- धीरेंद्र शास्त्री के बयान पर पंजाब के शाही इमामों ने जताया कड़ा विरोध
- कोच्चि में 67 साल के व्यक्ति ने पत्नी को चाकू से मार डाला, फिर बेटे को बताई करतूत
- सोना ₹4133 सस्ता, कीमत 1.48 लाख पर आई; चांदी के दाम भी ₹9297 घटे
- एशियन गेम्स 2026: नीरू धांडा ने ट्रैप शूटिंग में गोल्ड मेडल जीता, नया रिकॉर्ड बनाया
- सुप्रीम कोर्ट कॉलेजियम ने तीन जजों के प्रमोशन को दी मंजूरी, जल्द होंगे नियुक्त
- अमित शाह ने लॉन्च किया नया प्रत्यर्पण पोर्टल, 36 देशों से लाए 288 भगोड़े
प्रत्यक्षदर्शियों के मुताबिक, हादसे के समय घटनास्थल पर करीब 18 मजदूर मौजूद थे। अचानक गिरी विशाल चट्टान ने कई मजदूरों को अपनी चपेट में ले लिया। पुलिस ने पुष्टि की है कि मृतक सभी बिहार के रहने वाले दिहाड़ी मजदूर थे। हादसे में घायल हुए श्रमिकों को इलाज के लिए निजी अस्पताल में भर्ती कराया गया है, जबकि घायलों की सटीक संख्या की आधिकारिक पुष्टि का इंतजार है।
बचाव दल ने पूरे इलाके को सील कर मलबा हटाने का अभियान शुरू कर दिया है। अधिकारियों को आशंका है कि कहीं और मजदूर मलबे में फंसे न हों। इसी वजह से रेस्क्यू ऑपरेशन लगातार जारी है।
पुलिस ने मामले की जांच शुरू कर दी है। यह पता लगाया जा रहा है कि हादसा प्राकृतिक कारणों से हुआ या फिर खदान में सुरक्षा मानकों की अनदेखी और लापरवाही इसकी वजह बनी। साथ ही मृतकों के परिजनों को सूचना देने की प्रक्रिया भी शुरू कर दी गई है।



