कई गृह निर्माण संस्थाओं में गड़बड़ी करने वाले सहकारिता निरीक्षक संजय कूचनकर का ट्रांसफर, क्या इस बार होंगे रिलीव

Date:

AI Audio Companion Ready to stream
0:00
0:00 left

इंदौर। शहर की कई गृह निर्माण संस्थाओं में बड़े पैमाने पर गड़बड़ी करने वाले इंदौर के सहकारिता निरीक्षक संजय कूचनकर का एक बार फिर से जबलपुर ट्रांसफर हो गया है। इससे पहले भी उनका ट्रांसफर जबलपुर हुआ था, लेकिन वे कोई न कोई बहाना बनाकर इंदौर से रिलीव नहीं हुए। इस बार देखना है कि वे रिलीव होते हैं या नहीं।

सहकारिता विभाग की अवर सचिव गायत्री पाराशर ने 15 जून को यह ट्रांसफर आदेश निकाला है। इसमें 14 सहकारी निरीक्षकों का ट्रांसफर किया गया है, जिसमें संजय कूचनकर का नाम भी है। उनका ट्रांसफर जबलपुर हुआ है। आदेश के मुताबिक यह आदेश तत्काल प्रभाव से प्र‌भावशील हो गया है और दो हफ्ते के अंदर स्थानांतरित कर्मचारी को रिलीव करना अनिवार्य होगा। इसके साथ ही इस आदेश में यह भी लिखा है कि अगर स्थानांतरित कर्मचारी नई पदस्थापना पर ज्वाइन नहीं करता तो उसके खिलाफ अनुशासनात्मक कार्रवाई होगी।

👉 यह भी पढ़ें:

कर्मचारीगण संस्था में किया जमकर भ्रष्टाचार

सहकारिता निरीक्षण संजय कूचनकर की काफी शिकायतें हैं। इसने कर्मचारीगण गृह निर्माण संस्था सहित कई संस्थाओं में जमकर भ्रष्टाचार किया है। कर्मचारीगण की वरीयता सूची का मामला अभी हाईकोर्ट में उलझा हुआ है इस सूची को फाइल कराने में कूचनकर की महत्वपूर्ण भूमिका रही है।

कूचनकर ने जमाया था वरीयता सूची का खेल

कर्मचारीगण गृह निर्माण संस्था की वरीयता सूची का खेल जमाने में संजय कूचनकर का बहुत बड़ा हाथ है। सूत्र बताते हैं कि इस पूरे खेल का मास्टरमाइंड पूर्व उप अकेक्षक आनंद पाठक है। उसने वरीयता सूची के लिए पूर्व डीआर को 40 लाख रुपए दिए थे। पाठक ने वर्तमान सहकारिता निरीक्षक संजय कूचनकर को 20 लाख रुपए दिए हैं। सूत्रों के अनुसार संजय कूचनकर ने पुराने डीआर की बनाई सूची में छेड़छाड़ नहीं करने के एवज में वर्तमान डीआर को 12 लाख रुपए दिए थे।

बेटी के नाम से ले लिया था प्लॉट

कूचनकर पहले भी विवादों में रह चुके हैं। उन्होंने अपनी बेटी आयुषी कूचनकर के नाम से प्लॉट भी लिया था, जिसकी शिकायत हुई थी। आनंद पाठक संस्था के सभी सदस्यों से 20 लाख रुपए प्रति प्लॉट की वसूली कर रहा है, जिसकी बंदरबांट भी हो रही है।

पहले भी हो चुका है ट्रांसफर

शिकायतों के बाद संजय कूचनकर का पहले भी जबलपुर ट्रांसफर हो चुका है, लेकिन वह किसी न किसी बहाने रिलीव नहीं हुआ। इस बार भी वह अपने संपर्कों का इस्तेमाल कर रिलीव नहीं होने की कोशिश करेगा। अब देखना यह है कि इस बार ट्रांसफर आदेश का पालन हो पाता है या नहीं।

Harish Fatehchandani
Harish Fatehchandanihttp://www.hbtvnews.com
Harish Fatehchandani is a dedicated journalist with over a decade of experience in the media field. He is respected for his consistent and honest reporting.

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here

Share post:

Subscribe

spot_imgspot_img

Popular

Recent News
Related

कोलकाता के चोरबगान पूजा पंडाल में भगदड़, 17 लोगों की मौत, 35 घायल

कोलकाता के चोरबगान पूजा पंडाल में भगदड़ की घटना में 17 लोगों की मौत हुई। तेज बारिश के कारण भीड़ नियंत्रण खो गया। 35 से अधिक घायल अस्पताल में भर्ती।

चुनरी यात्रा के बहाने विधानसभा एक में ‘सुदर्शन चक्र’, होर्डिंग-बैनर से मंत्रीजी गायब!

इंदौर विधानसभा एक में चुनरी यात्रा के दौरान सुदर्शन गुप्ता की राजनीतिक ताकत नजर आई। मंत्री कैलाश विजयवर्गीय की होर्डिंग-बैनर से अनुपस्थिति चर्चा का विषय बनी।

विपक्ष पर बरसे रिजिजू, बोले- भारत बांग्लादेश नहीं, बड़े आए रिजीम चेंज करने वाले

केंद्रीय मंत्री किरेन रिजिजू ने विपक्ष के 'रिजीम चेंज' विरोधी रवैये को गलत बताया। उन्होंने कहा कि भारत बांग्लादेश जैसा देश नहीं है।

पन्ना: धीरेंद्र शास्त्री की रथ यात्रा में बावरिया गैंग का धावा, 10 गिरफ्तार

पन्ना जिले में सनातन हिंदू एकता रथ यात्रा के दौरान बावरिया गैंग ने चोरी की। 10 आरोपियों को गिरफ्तार कर पुलिस ने बड़ी बरामदगी की।

राधिका आप्टे संग कीर्ति सुरेश की गैंगस्टर सीरीज ‘अक्का’ का टीजर आउट, कब और कहां होगी रिलीज?

राधिका आप्टे और कीर्ति सुरेश की गैंगस्टर वेब सीरीज 'अक्का' 30 अक्टूबर 2026 को नेटफ्लिक्स पर रिलीज होगी। जानें कब और कहां देखें।

मेघालय विधानसभा में भाजपा की ताकत हुई दोगुनी, 8 UDP विधायकों का दलबदल मंजूर

मेघालय विधानसभा में भाजपा की ताकत हुई दोगुनी। 8 UDP विधायकों का भाजपा में दलबदल मंजूर। भाजपा अब दूसरी सबसे बड़ी पार्टी बन गई है।

सुप्रीम कोर्ट की हाई पावर कमेटी ने जंतर-मंतर हिंसा की जांच के लिए लॉन्च किया पोर्टल

जंतर-मंतर हिंसा जांच हेतु सुप्रीम कोर्ट की उच्चस्तरीय समिति ने ऑनलाइन पोर्टल शुरू किया है। इससे पीड़ित और गवाह अपनी शिकायतें दर्ज करा सकते हैं।

सीएम योगी का सपा पर हमला: ‘SP और शिक्षा, नदी के दो छोर हैं जो मिलते नहीं’

सीएम योगी आदित्यनाथ ने कहा कि सपा और शिक्षा नदी के दो छोर हैं जो कभी नहीं मिलते। उन्होंने शिक्षकों के लिए ₹5 लाख का कैशलेस स्वास्थ्य बीमा भी घोषित किया।

SEM कोर्ट ने अभिजीत दीपके को दी जमानत, सीजेपी चीफ पर लगी अहम शर्त

SEM कोर्ट ने अभिजीत दीपके को जमानत दी है, जिसमें एक वर्ष तक शांति बनाए रखने की शर्त शामिल है। यह फैसला दिल्ली के 11 अक्टूबर 2026 को सुनाया गया।

जडेजा और यशस्वी जायसवाल न्यूजीलैंड वनडे सीरीज के लिए टीम इंडिया से बाहर

भारतीय क्रिकेट कंट्रोल बोर्ड ने न्यूजीलैंड वनडे सीरीज के लिए टीम इंडिया से रवींद्र जडेजा और यशस्वी जायसवाल को बाहर कर दिया है। यह कदम 2027 विश्व कप की रणनीति का हिस्सा माना जा रहा है।