जापान के उत्तरी द्वीप होक्काइडो में सोमवार तड़के जोरदार भूकंप के झटके महसूस किए गए, जिससे इलाके में चिंता बढ़ गई है। अमेरिकी और जापानी एजेंसियों के अनुसार, इस भूकंप की तीव्रता 6.2 दर्ज की गई, जो हाल के दिनों में आए झटकों में सबसे शक्तिशाली मानी जा रही है।
जापान मौसम एजेंसी ने पहले इसकी तीव्रता 6.1 बताई थी, लेकिन बाद में संशोधित कर इसे बढ़ाया गया। एजेंसी के मुताबिक, भूकंप सुबह 5 बजकर 23 मिनट पर आया और इसका केंद्र होक्काइडो के दक्षिणी हिस्से में लगभग 83 किलोमीटर की गहराई में स्थित था। राहत की बात यह है कि फिलहाल सुनामी की कोई चेतावनी जारी नहीं की गई है।
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हालांकि विशेषज्ञों ने चेतावनी दी है कि आने वाले हफ्तों में इसी तीव्रता के और भूकंप आ सकते हैं। अमेरिकी भूवैज्ञानिक सर्वेक्षण के अनुसार, इस भूकंप से जान-माल का खतरा कम है क्योंकि प्रभावित क्षेत्र में आबादी घनी नहीं है।
इसके बावजूद, जापानी अधिकारियों ने उन इलाकों में सतर्कता बरतने की सलाह दी है जहां तेज झटके महसूस किए गए, क्योंकि वहां चट्टान गिरने और भूस्खलन का खतरा बढ़ गया है।
गौरतलब है कि यह भूकंप उस बड़ी चेतावनी के कुछ ही दिनों बाद आया है, जब उत्तरी इवाते प्रांत के तट पर 7.7 तीव्रता के भूकंप के बाद 8.0 या उससे अधिक तीव्रता वाले बड़े झटके की आशंका जताई गई थी। पिछले सप्ताह आए भूकंप के दौरान टोक्यो की ऊंची इमारतें तक हिल गई थीं, जिसमें कई लोग घायल हुए थे और समुद्र में लहरें भी उठी थीं।
दरअसल, जापान दुनिया के सबसे भूकंप-प्रवण क्षेत्रों में से एक है। यह प्रशांत अग्नि वलय और चार प्रमुख टेक्टोनिक प्लेटों के संगम पर स्थित है, जिससे यहां बार-बार भूकंप आने का खतरा बना रहता है।



