एक देश-एक चुनाव;कांग्रेस ,ओवैसी , का विरोध मायावती का सकारात्मक रुख
केंद्रीय कैबिनेट ने एक देश, एक चुनाव पर बनाई उच्च स्तरीय कमेटी की सिफ़ारिशों को मंजूर कर लिया है. कैबिनेट के इस फैसले के बाद अब विपक्षी पार्टियों के नेताओं ने प्रतिक्रियाएं दी हैं.
एआईएमआईएम प्रमुख असदुद्दीन ओवैसी ने कहा है, मैंने लगातार एक देश, एक चुनाव का विरोध किया है क्योंकि यह समस्या की खोज में किया गया समाधान है. यह संविधान के मूलभूत ढांचे में मौजूद संघवाद को बर्बाद करता है, लोकतंत्र के साथ समझौता है.
उन्होंने कहा है, एक से अधिक चुनाव मोदी और शाह को छोड़कर किसी के लिए समस्या का विषय नहीं है. क्योंकि उन्हें नगर पालिका और स्थानीय निकाय के चुनावों में भी प्रचार करने की आवश्यकता होती है. इसका मतलब यह नहीं है कि हमें एक साथ चुनावों की आश्यकता है. बार-बार और समय-समय पर चुनाव होने से लोकतांत्रिक जवाबदेही में सुधार होता है.

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बीएसपी प्रमुख मायावती ने कहा है, एक देश, एक चुनाव’ की व्यवस्था के तहत देश में लोकसभा, विधानसभा व स्थानीय निकाय का चुनाव एक साथ कराने वाले प्रस्ताव को केन्द्रीय कैबिनेट की मंजूरी पर हमारी पार्टी का स्टैंड सकारात्मक है, लेकिन इसका उद्देश्य देश व जनहित में होना जरूरी है




