मुंबई। सप्ताह के चौथे कारोबारी दिन गुरुवार 18 जून को शेयर बाजार की चाल काफी सुस्त नजर आई। सुबह 9.22 बजे सेंसेक्स 52.58 अंक यानी 0.07% नीचे 77,103.04 अंक पर ट्रेड कर रहा था। एनएसीई निफ्टी फ्लैट ट्रेड कर रहा था। शुरुआती कारोबार में बीएसई सेंसेक्स 111.23 अंक गिरकर 77,044.39 के स्तर पर आ गया, वहीं एनएसई निफ्टी भी 26.85 अंकों की गिरावट के साथ 24,058.85 पर पहुंच गया।
बुधवार को बाजार में रही थी तेजी
इससे पहले लगातार चार सत्र में शेयर बाजार में तेजी रही। बुधवार को सेंसेक्स 347.14 अंक की तेजी के साथ बंद हुआ था जबकि निफ्टी में 96.55 अंक की तेजी आई थी। पिछले सत्र में यह 94.53 पर बंद हुआ था और आज 94.66 पर खुला। सेंसेक्स के 30 में से 10 शेयर गिरावट के साथ खुले।
👉 यह भी पढ़ें:
- Stock Market : महीने के आखिरी कारोबारी दिन हरे निशान में खुलने के बाद शेयर बाजार ने बदला रंग, सेंसेक्स और निफ्टी होने लगे लाल
- Stock Market : तीन दिन की छुट्टी के बाद सोमवार को शेयर बाजार की सुस्त चाल, सेंसेक्स और निफ्टी में उतार-चढ़ाव
- Stock Market : सप्ताह के चौथे कारोबारी दिन गुरुवार को शेयर बाजार में तेजी, सेंसेक्स और निफ्टी दोनों उछले
- सप्ताह के तीसरे कारोबारी दिन हरे निशान में बंद हुआ शेयर बाजार, सेंसेक्स 790.54 अंक उछला, निफ्टी ने लगाई 197.56 की छलांग
- Stock Market सप्ताह के दूसरे कारोबारी दिन मंगलवार को शेयर बाजार हुआ लाल, सेंसेक्स और निफ्टी दोनों लुढके
- Stock Market : सप्ताह के पहले कारोबारी दिन सोमवार को हरे निशान में शेयर बाजार, सेंसेक्स और निफ्टी उछले
आईटी सेक्टरों में सबसे ज्यादा गिरावट
आज के कारोबार में आईटी शेयरों में सबसे ज्यादा गिरावट आई। इन्फोसिस, एचसीएल टेक, टेक महिंद्रा, टीसीएस और बजाज फाइनेंस में सबसे ज्यादा गिरावट आई। दूसरी ओर, ट्रेंट, अडानी पोर्ट्स, बीईएल, एचडीएफसी बैंक और इंडिगो में तेजी रही। इन्फोसिस का शेयर करीब 2 फीसदी से ज्यादा टूट गया। इसके अलावा एचसीएल टेक, टीसीएस, टेक महिंद्रा और विप्रो भी लाल निशान में कारोबार करते दिखे।
निफ्टी मेटल सहित कुछ शेयरों में तेज
निफ्टी पर इन्फोसिस, एचसीएल टेक और टीसीएस में सबसे ज्यादा गिरावट रही। ब्रॉडर मार्केट में निफ्टी मिडकैप में 0.17 फीसदी और निफ्टी स्मॉलकैप में 0.24 फीसदी तेजी आई है। सेक्टरवाइज देखें तो निफ्टी आईटी में सबसे ज्यादा गिरावट आई है। निफ्टी पीएसयू बैंक, निफ्टी मेटल और निफ्टी कंज्यूमर ड्यूरेबल्स में तेजी रही। अमेरिका और ईरान ने अंतरिम समझौते पर साइन किए हैं। इससे कच्चे तेल की कीमत में गिरावट आई है। ब्रेंट क्रूड 1.66 फीसदी गिरावट के साथ 78.23 डॉलर प्रति बैरल पर ट्रेड कर रहा है।
आखिर तेजी पर क्यों लगा ब्रेक?
जानकार बताते हैं कि इस गिरावट का सबसे बड़ा कारण अमेरिकी फेडरल रिजर्व का सख्त रुख है। अमेरिका में लगातार बनी हुई ऊंची महंगाई के कारण फेड की ओपन मार्केट कमेटी को बाजार में कड़ा संदेश देना पड़ा है। इससे इस साल के अंत तक ब्याज दरों में बढ़ोतरी की आशंकाएं तेज हो गई हैं।
एशिया और यूरोप के बाजारों के हाल
अंतरराष्ट्रीय स्तर पर बाजारों में मिले-जुले संकेत देखने को मिले हैं। जापान के टॉपिक्स में 1.4% और अमेरिकी S&P 500 फ्यूचर्स में 0.9% की तेजी दर्ज की गई है। वहीं दूसरी ओर, हांगकांग के हैंग सेंग में 1.4%, यूरोप के यूरो स्टॉक्स 50 फ्यूचर्स में 0.5% और ऑस्ट्रेलिया के S&P/ASX 200 में 0.4% की गिरावट रही, जबकि शंघाई कंपोजिट में कोई बदलाव नहीं देखा गया।
अमेरिकी बाजार में रही थी गिरालट
अमेरिका और ईरान के बीच डील और कच्चे तेल की कीमत में गिरावट के बावजूद घरेलू शेयर बाजार में आज गिरावट मामूली गिरावट आई है। अमेरिकी शेयर बाजार में बुधवार को गिरावट आई जिसका असर आज भारतीय बाजार पर भी देखने को मिल रहा है।



