चेन्नई। तमिलनाडु विधानसभा चुनाव में बुरी तरह हार के बाद AIADMK को तगड़ा झटका लगा है। AIADMK के 300 से अधिक सदस्य आधिकारिक तौर पर TVK में शामिल हो गए हैं। इसमें एक पूर्व मंत्री भी हैं।
पार्टी छोड़ने वाले नेताओं ने कहा कि AIADMK के नेतृत्व में वह जनता की उचित सेवा नहीं कर पा रहे हैं। सत्ताधारी दल में शामिल होने वालों में AIADMK के पूर्व मंत्री वेल्लमंडी नटराजन, अन्ना ट्रेड यूनियन फेडरेशन के राज्य सचिव कमलाक्कन्नन, मायलापुर से AIADMK के पूर्व विधायक नटराज, AIADMK के पूर्व मंत्री आनंदन, परमाकुडी से AIADMK के पूर्व विधायक साधन प्रभाकर, तिरुपथुर नगर सचिव डी टी कुमार और 300 से अधिक अन्य लोग मौजूद थे। इस मौके पर टीवीके के महासचिव और तमिलनाडु ग्रामीण विकास मंत्री एन आनंद, राजस्व और आपदा प्रबंधन मंत्री सेंगोत्तैयान और लोक निर्माण मंत्री आधव अर्जुन भी मौजूद रहे।
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नेताओं ने किया जयललिता को याद
पूर्व मंत्री और AIADMK के वरिष्ठ नेता उदुमलाई राधाकृष्णन ने कहा कि उनके साथ-साथ त्रिची के वरिष्ठ नेता एन आर शिवपति, कदंबुर राजू, एम सी संपत, पन्नीरसेल्वम, गोविंदासामी और कोलाथुर कृष्णमूर्ति भी सत्तारूढ़ टीवीके में शामिल हो गए हैं। पूर्व मुख्यमंत्री जे जयललिता के नेतृत्व को याद करते हुए उन्होंने कहा कि AIADMK पदाधिकारियों ने उनके कार्यकाल में कड़ा अनुशासन बनाए रखा और उनका निधन पार्टी के लिए एक बड़ा झटका था।
जनता की सेवा नहीं कर पा रहे थे
उडुमलाई राधाकृष्णन ने कहा कि पार्टी में रहते हुए वे अच्छे से जनता की सेवा नहीं कर पा रहे थे। उन्होंने दावा किया कि एआईएडीएमके के भीतर लंबे समय से असंतोष का माहौल था। उन्होंने बताया कि मुख्यमंत्री सी. जोसेफ विजय के नेतृत्व में उन्हें एमजी रामचंद्रन (MGR) और जयललिता के आदर्शों की झलक दिखाई देती है, जिसके चलते उन्होंने टीवीके में शामिल होने का फैसला किया।



