0:00
0:00 left
कलकत्ता हाई कोर्ट का सवाल: संदेशखाली का मुख्य अभियुक्त शेख अब तक पद पर कैसे?
कलकत्ता हाईकोर्ट ने गुरुवार को सवाल किया है कि संदेशखाली मामले के मुख्य अभियुक्त शाहजहां शेख सीबीआई की हिरासत में होने के बावजूद अब तक उत्तर 24-परगना जिला परिषद में अपने पद पर कैसे हैं? पश्चिम बंगाल के संदेशखाली में शाहजहां शेख समेत तृणमूल कांग्रेस के कुछ स्थानीय नेताओं पर महिलाओं के उत्पीड़न के आरोप लगे हैं. मुख्य न्यायाधीश टीएस शिवज्ञानम की अध्यक्षता वाली खंडपीठ ने सरकार को आदेश दिया कि इस मामले की अगली सुनवाई तक यह सुनिश्चित करें कि वह अपने अधिकार का इस्तेमाल नहीं कर सके. तृणमूल कांग्रेस ने शाहजहां शेख को छह साल के लिए पार्टी से निलंबित कर दिया है. इसके बावजूद वो जिला परिषद में अपने पद पर हैं. पश्चिम बंगाल की त्रिस्तरीय पंचायती राज व्यवस्था में ग्राम पंचायत, पंचायत समिति और जिला परिषद शामिल हैं.
इस मामले की सुनवाई के दौरान सीबीआई की ओर से एडिशनल सॉलिसिटर जनरल अशोक चक्रवर्ती ने खंडपीठ को बताया, शाहजहां शेख अब भी राज्य सरकार के मंत्रिमंडल के किसी सदस्य की तरह सत्ता का सुख भोग रहा है. इसलिए उसे तुरंत उसके पद से हटाया जाना चाहिए.अदालत को ये भी बताया गया कि इस मामले में संदेशखाली की 80 महिलाएं भी वादी बनने की इच्छुक हैं. अदालत ने राज्य के एडवोकेट जनरल से सवाल किया कि क्या शाहजहां अब भी जिला परिषद के सदस्य बने रहेंगे? इस पर उन्होंने भरोसा दिया कि उसे पद से हटाने के लिए कानून के तहत कार्रवाई की जाएगी.
👉 यह भी पढ़ें:
- इंदौर एलिवेटेड कॉरिडोर पर हाईकोर्ट में अंतिम सुनवाई पूरी, अब अंतिम आदेश का इंतजार
- स्कूल में हिजाब पर इलाहाबाद हाईकोर्ट का बड़ा फैसला: यूनिफॉर्म नियम मानना जरूरी
- TMC को कलकत्ता हाई कोर्ट से झटका, फ्रीज तीन बैंक खातों के इस्तेमाल की नहीं मिली अनुमति
- Sonam Wangchuk की पत्नी गीतांजली को दिल्ली हाईकोर्ट से नहीं मिली राहत, सफदरजंग अस्पताल में ही होगा इलाज, मिलने की अनुमति रहेगी
- Cheque Bounce Case: राजपाल यादव को दिल्ली हाईकोर्ट से झटका, तीन महीने की जेल की सजा के साथ भरना होगा मोटा जुर्माना
- Sonam Raghuvanshi की जमानत बरकरार, मेघालय हाईकोर्ट ने राज्य सरकार की याचिका की खारिज



