इंदौर। पिछले कुछ समय से इंदौर की राजनीतिक दिशा बदलती जा रही है। पहले जहां एक गुट विशेष का कब्जा था, वह अब लगातार हासिए पर जाता दिखाई दे रहा है। इंदौर में पहले एक चौकड़ी बनी, जिसने भाजपा की सियासत में हलचल मचा दी, अब यही चौकड़ी पंच में बदल चुकी है। भाजपा के पूर्व विधायक सुदर्शन गुप्ता की चुनरी यात्रा ने यह दिखा दिया कि इस पंच की ताकत और बढ़ती जा रही है।
शायद आपको याद होगा, जब हेमंत खंडेलवाल भाजपा के प्रदेश अध्यक्ष बने थे तो इंदौर में जगह-जगह एक होर्डिंग नजर आया था। इसमें गौरव रणदिवे, सावन सोनकर, मनोज पटेल और एकलव्य सिंह गौड़ दिखाई दिए थे। नए प्रदेश अध्यक्ष के स्वागत में लगे इस होर्डिंग को लोगों ने नोटिस तो किया था, लेकिन बाद में यही चौकड़ी शहर में सक्रिय नजर आने लगी थी।
👉 यह भी पढ़ें:
- अपमान का घूंट पीकर भी सुदर्शन गुप्ता की चुनरी यात्रा में पहुंचे विजयवर्गीय, सीएम के आने से पहले ही मार गए कलटी!
- चुनरी यात्रा के बहाने विधानसभा एक में ‘सुदर्शन चक्र’, होर्डिंग-बैनर से मंत्रीजी गायब!
- रेसीडेंसी में सीएम का मंथन, मेंदोला और वर्मा को भाजपा कार्यालय के लिए जमीन तलाशने की जिम्मेदारी, बहुत जल्द इंदौर में होगी बड़ी कार्रवाई
- मिशन 2028 : कोई भागवत करा रहा, कोई पोते की खुशी में लड्डू बांट रहा, तो कोई निकाल रहा चुनरी यात्रा
- एमआईसी में जीतू यादव का ‘श्रीगणेश’, झांकी मार्ग को जगमगाने में जुटे, बड़ी मुश्किल से मिली है कुर्सी
- नितिन नवीन के कार्यक्रम के लिए आईडीए से नहीं ली कोई अनुमति, राहुल गांधी की राह में अटकाते रहे रोड़ा
सुदर्शन गुप्ता के होर्डिंग में दिखी झलक
चुनरी यात्रा को लेकर विधानसभा एक के पूर्व विधायक सुदर्शन गुप्ता ने आज बड़ा गणपति से बिजासन माता मंदिर तक चुनरी यात्रा निकाली। इसके प्रचार के लिए लगे होर्डिंग में इस नए पंच की झलक दिखी थी। जगह-जगह लगे होर्डिंग पर गौरव रणदिवे और सावन सोनकर नजर आए थे।
एक नंबर विधानसभा में पंच की उपस्थिति के मायने
एक नंबर विधानसभा पर वर्तमान में मंत्री कैलाश विजयवर्गीय का कब्जा है और उनका पूरा कामकाज उनके बेटे तीन नंबर के पूर्व विधायक आकाश विजयवर्गीय देखते हैं। आज की चुनरी यात्रा में पंच की एंट्री से भाजपा में कई तरह के कयास लगाए जा रहे हैं। चर्चा यह है कि सुदर्शन गुप्ता ने पंच की ताकत दिखा कर मंत्री गुट को यह बता दिया है कि वे अब भी उतने ही लोकप्रिय हैं।
पर्दे के पीछे रणदिवे की सक्रिय भूमिका
पूर्व नगर अध्यक्ष और वर्तमान में प्रदेश महामंत्री गौरव रणदिवे वैसे तो पूरे प्रदेश में सक्रिय हैं, लेकिन यह किसी से छुपा नहीं है कि इंदौर में उनकी कितनी सक्रियता है। इंदौर में संगठन के कई बड़े फैसलों में उनका हाथ रहता है और सीएम मोहन यादव के करीबी होने के कारण नए राजनीतिक समीकरणों में भी उनकी भूमिका रहती है। यही हाल सावन सोनकर का है। वे सीएम के हर कार्यक्रम में सक्रिय नजर आते हैं। हालांकि भाजपा में सांवेर से उनकी दावेदारी की बात कही जाती है, लेकिन सावन इंदौर शहर में भी कम सक्रिय नहीं रहते।
मंत्री के खिलाफ मालिनी गौड़ का मोर्चा
इसी पंच की एक कड़ी विधानसभा चार की विधायक मालिनी गौड़ ने मंत्री कैलाश विजयवर्गीय के खिलाफ खुलेआम मोर्चा खोल दिया। वे विजयवर्गीय द्वारा बुलाई गई जल संकट की बैठक में नहीं गईं। इसके बाद जब पत्रकारों ने उनसे पूछा तो उनका जवाब था कि ऐसी बैठकों में जाने का कोई मतलब नहीं। इसे सीधा-सीधा विजयवर्गीय पर निशाना माना जा रहा है, क्योंकि विजयवर्गीय ने बैठक के बाद कहा था कि जो विधायक नहीं आए शायद उनके क्षेत्र में पानी की कोई समस्या नहीं।
सिर्फ मुंह दिखाने के लिए गए विजयवर्गीय
आज की चुनरी यात्रा को लेकर लगाए गए किसी भी होर्डिंग-बैनर में विधानसभा एक के विधायक और मंत्री विजयवर्गीय का फोटो या नाम नहीं था। चूंकि मामला उनकी विधानसभा का था, इसलिए वे मुंह दिखाने के लिए कार्यक्रम में गए। सीएम के कार्यक्रम में पहुंचने के पहले ही वे वहां से रवाना हो गए। इसको लेकर भी भाजपा में कई तरह की अटकलें चल रही हैं। साफ-साफ कहा जा रहा है कि विजयवर्गीय सीएम से आमना-सामना करने से बच रहे हैं।
चुनरी यात्रा से निकले कई राजनीतिक संदेश
सुदर्शन गुप्ता की इस यात्रा को केवल धार्मिक आयोजन तक सीमित नहीं माना जा रहा है। विधानसभा एक में गुप्ता की पुरानी राजनीतिक सक्रियता और भाजपा के वरिष्ठ नेताओं की मौजूदगी ने इसके सियासी मायनों को भी अहम बना दिया। यात्रा के जरिए गुप्ता ने कार्यकर्ताओं और समर्थकों को एक मंच पर जुटाने के साथ अपनी संगठनात्मक सक्रियता का प्रदर्शन किया। ऐसे में पूर्व विधायक सुदर्शन गुप्ता द्वारा इतने बड़े स्तर पर आयोजन करना राजनीतिक दृष्टि से भी महत्वपूर्ण माना जा रहा है। वरिष्ठ नेताओं की मौजूदगी और कार्यकर्ताओं की भागीदारी ने यह संकेत दिया कि गुप्ता अपनी पुरानी राजनीतिक जमीन पर सक्रिय बने हुए हैं।



