रांची। झारखंड में JPSC-JSSC भर्ती परीक्षाओं में कथित अनियमितताओं को लेकर अभ्यर्थियों और छात्रों का आंदोलन लगातार तेज होता जा रहा है। जयपाल सिंह मुंडा स्टेडियम में चल रहा छात्रों का सत्याग्रह शुक्रवार को 14वें दिन भी जारी रहा। आंदोलनकारी छात्र पूरे मामले की CBI जांच, दोषियों पर कड़ी कार्रवाई और मुख्यमंत्री के इस्तीफे की मांग पर अड़े हुए हैं।
सरकार की ओर से बातचीत का प्रस्ताव दिए जाने के बावजूद छात्र प्रतिनिधियों को अब तक औपचारिक रूप से वार्ता के लिए नहीं बुलाए जाने से आंदोलनकारियों में नाराजगी बढ़ती जा रही है। प्रदर्शनकारियों का कहना है कि जब तक उनकी प्रमुख मांगों पर ठोस आश्वासन नहीं मिलता, आंदोलन जारी रहेगा।
👉 यह भी पढ़ें:
- Karnataka Police Recruitment Scam: ‘कांग्रेस के दोहरे मानदंड’, संबित पात्रा का बड़ा हमला; JPSC परीक्षा को लेकर भी विपक्ष पर साधा निशाना
- झारखंड राज्यसभा चुनाव में हार के बाद INDIA गठबंधन में घमासान! RJD ने कांग्रेस को दी खुली चेतावनी, क्या बढ़ने वाली है दरार?
- Jharkhand: राज्यसभा चुनाव में एनडीए समर्थित परिमल नाथवानी जीते, कांग्रेस को झटका
- धनबाद कोल वाशरी में बड़ा हादसा, कोयले के ढेर में दबकर 4 मजदूरों की मौत, कई के फंसे होने की आशंका

भूख हड़ताल पर बैठे छात्रों की तबीयत बिगड़ी
आंदोलन में शामिल कई छात्र भूख हड़ताल पर बैठे हैं। लगातार भूख हड़ताल के कारण कुछ छात्रों की तबीयत बिगड़ने की बात सामने आई है। इसके बावजूद आंदोलनकारी अपनी मांगों से पीछे हटने को तैयार नहीं हैं।
छात्रों की प्रमुख मांगों में JPSC और JSSC परीक्षाओं में कथित गड़बड़ियों की CBI जांच, दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई और मुख्यमंत्री के इस्तीफे की मांग शामिल है।

10 अगस्त को विधानसभा घेराव की चेतावनी
छात्र नेताओं ने चेतावनी दी है कि यदि सरकार के साथ होने वाली बातचीत से कोई सकारात्मक समाधान नहीं निकलता है, तो 10 अगस्त को विधानसभा घेराव किया जाएगा।
आंदोलनकारियों के मुताबिक अब तक प्रदर्शन शांतिपूर्ण तरीके से चल रहा है। प्रदर्शन स्थल पर राष्ट्रभक्ति गीतों और सांस्कृतिक कार्यक्रमों के जरिए छात्र अपनी मांगों को सामने रख रहे हैं। छात्रों का दावा है कि आंदोलन के दौरान किसी तरह की आपत्तिजनक या राष्ट्रविरोधी नारेबाजी नहीं हुई है।
वामपंथी छात्र संगठनों की भी एंट्री
इस बीच वामपंथी छात्र संगठनों ने भी आंदोलन में सक्रिय भागीदारी शुरू कर दी है। संगठनों की ओर से JPSC परीक्षा में कथित अनियमितताओं के विरोध में विधानसभा घेराव का आह्वान किया गया है।
प्रस्तावित प्रदर्शन को देखते हुए विधानसभा परिसर और आसपास के इलाकों में भारी पुलिस बल और सुरक्षा कर्मियों की तैनाती की गई है। प्रशासन किसी भी संभावित स्थिति से निपटने के लिए सतर्क है।
विधायक जयराम महतो ने छात्रों को दिया समर्थन
झारखंड लोकतांत्रिक क्रांतिकारी मोर्चा (JLKM) के विधायक जयराम महतो ने भी आंदोलनरत छात्रों से मुलाकात कर उनका समर्थन किया। उन्होंने कहा कि छात्रों की मांगों को विधानसभा के अंदर मजबूती से उठाया जाएगा।
अब सबसे ज्यादा नजर सरकार और छात्र प्रतिनिधियों के बीच होने वाली बातचीत पर है। अगर वार्ता से समाधान नहीं निकलता है, तो 10 अगस्त का विधानसभा घेराव आंदोलन को एक नया राजनीतिक और प्रशासनिक मोड़ दे सकता है।
क्या सरकार और छात्रों के बीच निकलेगा समाधान?
आप क्या सोचते हैं? क्या JPSC-JSSC भर्ती परीक्षाओं में कथित अनियमितताओं की CBI जांच होनी चाहिए? क्या सरकार को छात्रों की मांगों पर जल्द फैसला लेना चाहिए? कमेंट में अपनी राय जरूर बताएं और इस खबर को ज्यादा से ज्यादा लोगों तक शेयर करें।



