पोखरन परीक्षण के नायक आर. चिदंबरम का निधन, देश ने खोया एक महान वैज्ञानिक
पोखरन में भारत के ऐतिहासिक परमाणु परीक्षणों में अहम भूमिका निभाने वाले और देश के प्रधान वैज्ञानिक सलाहकार रहे डॉ. आर. चिदंबरम का 88 वर्ष की उम्र में निधन हो गया। उनके निधन पर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी सहित कई प्रमुख नेताओं और वैज्ञानिकों ने शोक व्यक्त किया है।
प्रधानमंत्री मोदी का संदेश
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने एक्स पर लिखा डॉ. राजगोपाल चिदंबरम के निधन से गहरा दुःख हुआ है। वह भारत के परमाणु कार्यक्रम के प्रमुख वैज्ञानिकों में से एक थे। उन्होंने भारत की वैज्ञानिक और रणनीतिक क्षमता को मज़बूत करने में अमूल्य योगदान दिया। पूरा देश उन्हें सम्मानपूर्वक याद करेगा और उनका योगदान आने वाली पीढ़ियों को प्रेरित करेगा।
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कांग्रेस महासचिव जयराम रमेश की श्रद्धांजलि
कांग्रेस नेता जयराम रमेश ने डॉ. चिदंबरम को याद करते हुए लिखा वह 2002 से 2018 तक प्रधान वैज्ञानिक सलाहकार रहे और पूर्व प्रधानमंत्री मनमोहन सिंह के करीबी थे। उनसे हर मुलाकात ज्ञानवर्धक होती थी। वह अपने अंतिम समय तक बौद्धिक रूप से सक्रिय थे। उनके जैसा वैज्ञानिक बहुत दुर्लभ है।
डॉ. चिदंबरम का योगदान
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पोखरन-2 परमाणु परीक्षण (1998) में डॉ. चिदंबरम की केंद्रीय भूमिका थी।
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उन्होंने भारत की रणनीतिक क्षमताओं और वैज्ञानिक शोध को नई ऊंचाइयों पर पहुंचाया।
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वह 2002 से 2018 तक भारत के प्रधान वैज्ञानिक सलाहकार रहे।
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उनका काम देश के परमाणु ऊर्जा कार्यक्रम और वैज्ञानिक समुदाय के लिए प्रेरणास्रोत है।


