इंदौर। यह सबको पता है कि भारत रत्न बाबा साहेब डॉ.भीमराव अंबेडकर का जन्म अपने मध्यप्रदेश में इंदौर के पास महू में हुआ था। हर पूरे देश से लोग इस पवित्र तीर्थ स्थल पर बाबा साहेब को नमन करने आते हैं, लेकिन अपने मंत्री विजयवर्गीय दिल्ली पहुंच गए। वहां भाजपा कार्यालय में बाबा साहेब को श्रद्धांजलि अर्पित की।
कैलाश विजयवर्गीय ने सोशल मीडिया पर इसके कुछ फोटो भी पोस्ट किए और यह भी बता दिया कि वे दिल्ली में किसके साथ थे। विजयवर्गीय ने फोटो के साथ लिखा-संविधान निर्माता, भारत रत्न डॉ. भीमराव अंबेडकर जी की जयंती पर उन्हें कोटि-कोटि नमन। आज इस अवसर पर नई दिल्ली में भारतीय जनता पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष श्री @nitinnabinbjp जी के साथ बाबा साहेब को श्रद्धापूर्वक पुष्पांजलि अर्पित कर उनके विचारों का स्मरण किया। बाबा साहेब ने समाज के उत्थान के लिए जो अनुपम कार्य किए हैं, वैसा उदाहरण समूचे विश्व में दूसरा नहीं मिलता। उनका जीवन त्याग, संघर्ष एवं समता के मंत्र से अनुप्राणित था। भारतीय जनता पार्टी बाबा साहेब के दिखाए सामाजिक समरसता के मार्ग पर दृढ़ संकल्प के साथ अग्रसर है।
आप तो महू के विधायक रहे हो मंत्रीजी
विजयवर्गीय के सोशल मीडिया पोस्ट के बाद मध्यप्रदेश की सियासत में चर्चाओं का बाजार गर्म है। भाजपा के ही नेता सवाल कर रहे हैं कि मध्यप्रदेश के एक बड़े मंत्री जिसका निवास महू के पास इंदौर में है, वह अंबेडकर जयंती पर दिल्ली क्यों पहुंचे? सवाल यह भी उठ रहा है कि विजयवर्गीय तो महू के विधायक भी रहे हैं। इसके बाद भी बाबा साहेब की जन्मस्थली को कैसे भुला दिया।
चाहते तो नवीनजी को यहीं बुला लेते
चर्चा तो इस बात की भी हो रही है कि विजयवर्गीय मध्यप्रदेश के इतने बड़े मंत्री हैं, जो खुद को सीएम से थोड़ा भी कम नहीं समझते। भाजपा के राष्ट्रीय महासचिव रह चुके हैं। केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह से भी उनके जबरदस्त संबंध हैं। ऐसे में वे चाहते तो राष्ट्रीय अध्यक्ष नितिन नवीन को महू बुला लेते। लेकिन, उन्होंने ऐसा इसलिए नहीं किया, क्योंकि यहां तो सीएम डॉ.मोहन यादव और विधायक उषा ठाकुर के सामने उनकी झांकी नहीं जम पाती।
सीएम का कार्यक्रम छोड़ दिल्ली भागे
भाजपा के ही लोग यह भी सवाल उठा रहे हैं कि राष्ट्रीय अध्यक्ष नितिन नवीन से मिलने के और भी मौके मिल सकते थे, लेकिन आज आंबेडकर जयंती पर महू का कार्यक्रम छोड़ना कहां तक उचित है। इसका जवाब भी भाजपा के ही लोग दे रहे हैं कि विजयवर्गीय की फितरतों के कारण अब उनकी पूछ-परख महू में नहीं रही। वर्तमान विधायक उषा ठाकुर के साथ उनके संबंध भी जगजाहिर हैं। ऐसे में विजयवर्गीय ने सोचा कि दिल्ली पहुंचकर क्यों न अपनी लाइन बड़ी करने की कोशिश की जाए।
हर बार देते रहते हैं दिल्ली की धौंस
जब शिवराज सिंह चौहान सीएम थे, तब भी विजयवर्गीय हमेशा दिल्ली की धौंस देते रहते थे। उस समय वे मध्यप्रदेश से बाहर थे, तो समझ भी आता था, लेकिन अब जबकि वे कैबिनेट में बड़े विभाग के मंत्री हैं, धौंस दिखाने का सिलसिला अभी भी जारी है। वर्तमान सीएम से अनबन की खबरें जब भी उड़ती हैं, विजयवर्गीय सोशल मीडिया पर कभी गृह मंत्री अमित शाह तो कभी किस और बड़े नेता के साथ मुलाकात की तस्वीरें डाल देते हैं। भाजपा में लोग कह रहे हैं कि अगर दिल्ली में इतनी ही पकड़ है तो मन की इच्छा क्यों नहीं पूरी कर लेते।


