अयोध्या। मध्यप्रदेश के पूर्व सीएम और कांग्रेस के वरिष्ठ नेता दिग्विजय सिंह ने गुरुवार को अयोध्या में रामलला के दर्शन किए। इसके साथ ही उन्होंने हनुमान गढ़ी में भी पूजा की। मंदिर से बाहर निकलने के बाद उन्होंने मीडिया से बात करते हुए कहा कि उन्होंने कभी धर्म का दुरुपयोग नहीं किया है।
उल्लेखनीय है कि राम मंदिर बनने के बाद पहली बार दिग्विजय सिंह अयोध्या पहुंचे हैं। दिग्विजय सिंह ने कहा कि जब प्रभु का बुलावा आता है तो हर व्यक्ति आ जाता है इसलिए जब मुझे बुलावा आया, तो मैं उपस्थित हो गया। उन्होंने कहा कि प्रभु के दर्शन करके अच्छा लगा। कांग्रेस में तो हर व्यक्ति अपनी आस्था अनुसार धर्म का पालन करता है। हम धर्म का दुरुपयोग ना तो व्यवसाय के लिए करते हैं और ना राजनीति के लिए करते हैं।
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दिग्विजय सिंह ने कहा कि मैंने कभी राम मंदिर निर्माण का विरोध नहीं किया है। मैं अयोध्या राजनीति करने नहीं आया हूं। मैंने राम मंदिर निर्माण के दौरान चंदा भी दिया था। सभी पर श्रीराम की कृपा बनी रहे। दिग्विजय सिंह ने कहा कि रामलला के दर्शन कर बहुत अच्छा लगा। उन्होंने प्रभु राम से कामना की कि पूरे देश में खुशहाली फैले, तरक्की हो और सभी लोगों के बीच सद्भाव बना रहे। राम मंदिर के निर्माण और उसकी भव्यता को लेकर पूछे गए सवाल पर उन्होंने कहा कि इस विषय पर तो मैं विस्तार से बाद में चर्चा करूंगा। उन्होंने यह भी बताया कि उनका निवास राघोगढ़ में राघव जी के मंदिर के नाम से है, जो उनकी व्यक्तिगत आस्था को दर्शाता है। वहीं लोकसभा में नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी के रामलला दर्शन को लेकर पूछे गए सवाल पर उन्होंने कहा कि इसका जवाब राहुल गांधी ही दे सकते हैं और उन्हें इस पर कोई एतराज नहीं है।



