शेयर बाजार में लौटी तेजी ने निवेशकों के मनोबल को बढ़ा दिया है। लगातार दो दिन की तेज बढ़त के चलते सेंसेक्स 2 दिन में लगभग 1100 अंक चढ़ा है, जो पिछले आठ हफ्तों से जारी गिरावट के बाद एक महत्वपूर्ण सुधार माना जा रहा है। इस तेजी ने बाजार में सकारात्मक ऊर्जा का संचार किया है।
दो दिन में सेंसेक्स का अभूतपूर्व उछाल
5 और 6 अक्टूबर 2026 को भारतीय शेयर बाजार में जबरदस्त तेजी देखने को मिली। सोमवार को सेंसेक्स 472.77 अंक बढ़कर 72,382.47 पर बंद हुआ, जबकि निफ्टी 50 सूचकांक 133.80 अंक की मजबूती के साथ 22,555.75 पर बंद हुआ। अगले दिन सेंसेक्स ने 520 से अधिक अंक की छलांग लगाई और 72,905 के स्तर पर बंद हुआ। निफ्टी भी 0.72% की बढ़त के साथ 22,717.40 पर बंद हुआ।
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लंबे समय की गिरावट के बाद बाजार में सुधार
गौरतलब है कि इस तेजी से भारतीय शेयर बाजार ने लगातार आठ हफ्तों से चल रही गिरावट के दौर को तोड़ा है। यह अवधि पिछले 25 वर्षों में सबसे लंबी साप्ताहिक गिरावट थी। इस सुधार ने निवेशकों के लिए नई उम्मीद जगाई है और बाजार की स्थिरता का संकेत दिया है।
तीव्र तेजी के पीछे प्रमुख कारण
शेयर बाजार में आई इस तेजी के पीछे कई महत्वपूर्ण कारण हैं। सबसे पहले, कच्चे तेल की कीमतों में आई गिरावट ने बाजार को राहत दी। ब्रेंट क्रूड की कीमतें लगभग 100 डॉलर के करीब आ गई हैं, जिससे ऊर्जा लागत में कमी की उम्मीद बढ़ी है। इसके अलावा, अमेरिकी बॉन्ड यील्ड में नरमी और आरबीआई की आगामी मौद्रिक नीति बैठक से पहले सकारात्मक उम्मीदों ने भी बाजार को सहारा दिया है।

उत्कृष्ट प्रदर्शन करने वाले सेक्टर और शेयर
इस दो दिवसीय तेजी में बैंकिंग, टेलीकॉम, एफएमसीजी और मेटल सेक्टर्स ने बेहतर प्रदर्शन किया। व्यक्तिगत शेयरों में आईटीसी, ट्रेंट और टाटा मोटर्स ने खासा उछाल दिखाया। यह संकेत है कि निवेशक इन क्षेत्रों में वापसी कर रहे हैं, जिससे इन सेक्टर्स में विश्वास बढ़ रहा है।
विदेशी निवेशकों की बिकवाली के बावजूद घरेलू निवेशकों का समर्थन
हालांकि बाजार में सुधार के बावजूद विदेशी संस्थागत निवेशकों की बिकवाली बनी हुई है, लेकिन घरेलू संस्थागत निवेशकों ने लगातार खरीदारी कर बाजार को मजबूती प्रदान की है। यह संतुलन बाजार में स्थिरता बनाए रखने में सहायक साबित हो रहा है।



