ममता बनर्जी का सरकार पर हमला तेज हो गया है। उन्होंने 7 नवंबर 2026 को तड़के कोलकाता में हुए हमले को लेकर कहा, “अगर बुलडोजर चलाने की हिम्मत है तो रात 3 बजे क्यों आते हो?” यह बयान ममता बनर्जी ने तब दिया जब उनके पुत्र और तृणमूल कांग्रेस के राष्ट्रीय महासचिव अभिषेक बनर्जी के आवास और पार्टी कार्यालय के बाहर कथित हमले के बाद विवाद ने नई उड़ान भरी। ममता बनर्जी ने इस घटना को पूरी तरह गैरकानूनी और राजनीतिक साजिश करार दिया।
रात 2 बजे अभिषेक बनर्जी के आवास पर हुआ हमला
7 नवंबर की तड़के लगभग 2 बजे से 3 बजे के बीच कोलकाता के कालीघाट इलाके में अभिषेक बनर्जी के आवास और पार्टी कार्यालय के बाहर हिंसक झड़प हुई। ममता बनर्जी ने आरोप लगाया कि भाजपा समर्थक और ‘‘गुंडों के एक गिरोह’’ ने न केवल उनके पुत्र के घर पर हमला किया बल्कि पार्टी कार्यालय में भी तोड़फोड़ की। इस हमले में लगभग 8 लोग घायल हुए, जिनमें से एक को प्लास्टिक सर्जरी की जरूरत पड़ी। पुलिस ने मौके पर पहुंचकर कई आरोपितों को हिरासत में लिया।
👉 यह भी पढ़ें:
- बीजेपी ने लगाया सीजेपी पर अमेरिका-पाकिस्तान से फंडिंग का आरोप, कोर्ट ने मांगी रिपोर्ट
- ममता बनर्जी ने इंडिया ब्लॉक रैली में चुनाव आयोग और बीजेपी पर लगाया लोकतंत्र लूटने का आरोप
- पीएम मोदी के पिता पर अपमानजनक टिप्पणी को लेकर खरगे के खिलाफ पुलिस में शिकायत
- अभिजीत दीपके हिरासत में, ममता बनर्जी ने दिल्ली पुलिस की कार्रवाई पर सवाल उठाए
- ममता बनर्जी ने CJP समर्थन में मुंह पर बैंड-एड लगाकर जताया विरोध
- ममता बनर्जी ने ज्ञानेश कुमार को डाकू बताया, चुनाव में वोट काटने का आरोप

ममता बनर्जी ने सरकार पर लगाया परंपरा खत्म करने का आरोप
ममता बनर्जी ने काली पूजा और दिवाली के अवसर पर हुई इस घटना को परंपरा और पूजा को खत्म करने की साजिश बताया। उन्होंने कहा कि क्षेत्र की पारंपरिक काली पूजा की अनुमति रद्द कर दी गई और अवैध रूप से मुख्य मार्ग पर नई पूजा की अनुमति दी गई। स्थानीय क्लबों को भी काम करने से रोका गया। ममता ने कहा, “यह सब इसलिए हो रहा है क्योंकि हम INDIA गठबंधन का हिस्सा हैं और विरोधी दल इसी वजह से बौखलाए हुए हैं।”
ममता का बुलडोजर को लेकर तीखा सवाल
ममता बनर्जी ने मीडिया से बातचीत में कहा, “हमारे इलाके में पूरी तरह गुंडागर्दी चल रही है। वे लोग रात 2 या 3 बजे आते हैं और हमला करते हैं। मैं उनसे पूछती हूं कि अगर बुलडोजर चलाने की हिम्मत है तो वे काली पूजा के जश्न पर हमला करने क्यों आते हैं? हम डरने वाले नहीं हैं।” उन्होंने आग्रह किया कि विरोधी दल सीधे सामने आएं और विवादित कार्रवाई करें।

अभिषेक बनर्जी ने लगाया जान लेने का सातवां प्रयास
टीएमसी सांसद अभिषेक बनर्जी ने सोशल मीडिया ‘X’ पर घटना के सीसीटीवी फुटेज साझा कर दावा किया कि पिछले छह महीनों में यह उनकी जान लेने का सातवां प्रयास था। उन्होंने कहा, “अगर एक चुने हुए सांसद के साथ ऐसा हो सकता है, तो आम आदमी की स्थिति का अंदाजा लगाया जा सकता है।” अभिषेक ने अपने समर्थकों से संयम बरतने की अपील भी की।
पुलिस ने किया मामला दर्ज, जांच जारी
घटना के बाद कोलकाता पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए कई लोगों को हिरासत में लिया है और जांच शुरू कर दी है। पुलिस ने फिलहाल हमले के पीछे के राजनीतिक कारणों की जांच तेज कर दी है। घायलों का इलाज जारी है और पुलिस माहौल को शांत करने के लिए अतिरिक्त सुरक्षा बल तैनात कर रही है।



