लाल किला धमाके में अल-कायदा कनेक्शन का खुलासा हुआ है। NIA की चार्जशीट के अनुसार, आरोपी उमर उन नबी ने अल-कायदा की डिजिटल किल गाइड से प्रशिक्षण लिया था।
लाल किला धमाका: एक आत्मघाती हमले की पुष्टि
10 नवंबर 2025 को लाल किला धमाका एक साधारण आईईडी ब्लास्ट नहीं था। यह एक सुनियोजित आत्मघाती बॉम्बिंग थी, जिससे पूरे देश में हड़कंप मच गया था।
👉 यह भी पढ़ें:
- AISA अध्यक्ष नेहा बोरा ने कहा- नहीं साइन करूंगी पीस बॉन्ड, मोदी सरकार पर हमला
- नेहा बोरा दिल्ली हाईकोर्ट पहुंची, दिल्ली पुलिस के पीस बॉन्ड नोटिस पर दायर की याचिका
- जंतर-मंतर पर अब धरना-प्रदर्शन बैन, दिल्ली पुलिस ने तीन नई जगह बताई
- कॉकरोच जनता पार्टी का बड़ा ऐलान, अजिंक्य शिंदे बोले- कल फिर जंतर-मंतर पर आंदोलन
- दिल्ली में CEC के खिलाफ प्रदर्शन में 500 से अधिक गिरफ्तार, पुलिसकर्मी घायल
- जंतर-मंतर सीजेपी प्रदर्शन से पहले दिल्ली पुलिस ने जारी किया खुला खत
इस हमले में कई निर्दोष लोगों की जान गई और कई घायल हुए। NIA की जांच में यह बात सामने आई थी कि हमले का मकसद भारतीय संस्कृति के प्रतीक लाल किले को नुकसान पहुंचाना था।
उमर उन नबी की भूमिका पर सवाल
चार्जशीट के मुताबिक, उमर उन नबी ने इस हमले की योजना बनाई थी। वो अल-कायदा से जुड़ा हुआ था और उसके पास आतंकी नेटवर्क की जानकारी थी।
उमर ने अल-कायदा की डिजिटल किल गाइड से प्रशिक्षण प्राप्त किया था और उसी के आधार पर इस हमले को अंजाम दिया।
आम आदमी पर असर
इस घटना का आम आदमी पर गहरा असर पड़ा। लोग सुरक्षा को लेकर चिंतित हैं और सरकार से कड़े कदम उठाने की मांग कर रहे हैं।
इसके अलावा, सुरक्षा एजेंसियों पर भी दबाव बढ़ गया है कि वे इस तरह के आतंकी गतिविधियों को पहले से ही रोक सकें।
NIA की जांच और अगले कदम
NIA की जांच में कई नए तथ्य सामने आए हैं। एजेंसी ने उमर के नेटवर्क और उसके संपर्कों की भी जांच शुरू कर दी है।
इसके बाद, सुरक्षा एजेंसियों द्वारा अन्य संदिग्धों की पहचान की जा रही है, ताकि भविष्य में इस तरह की घटनाओं को रोका जा सके।
अल-कायदा का डिजिटल किल गाइड
डिजिटल किल गाइड एक ऑनलाइन मैन्युअल है, जिसे अल-कायदा ने विकसित किया है। इसमें नए आतंकियों को धमाके की तकनीक सिखाई जाती है।
इस गाइड का उपयोग कर, आतंकवादी बिना किसी बाहरी मदद के उच्च स्तरीय हमले करने में सक्षम हो जाते हैं।
सरकार की प्रतिक्रिया
सरकार ने इस घटना को गंभीरता से लिया है। सुरक्षा उपायों को और भी मजबूत किया जा रहा है और सुरक्षा बलों को अतिरिक्त प्रशिक्षण दिया जा रहा है।
प्रधानमंत्री ने इस घटना की निंदा की है और दोषियों को जल्द से जल्द सजा दिलाने का आश्वासन दिया है।



