हमास की युद्धविराम प्रस्ताव पर प्रतिक्रिया: बंधकों की रिहाई के बदले फिलिस्तीनी कैदियों की मांग, स्थायी युद्धविराम की शर्त पर अड़ा
हमास ने अमेरिका द्वारा पेश किए गए युद्धविराम प्रस्ताव पर अपनी प्रतिक्रिया दी है। उसने संकेत दिया है कि वह 10 ज़िंदा इजराइली बंधकों और 18 अन्य बंधकों के शवों को सौंपने के लिए तैयार है, लेकिन इसके बदले में उसने कुछ फिलिस्तीनी कैदियों की रिहाई की मांग रखी है।
👉 यह भी पढ़ें:
- Mirzapur The Movie : कालीन भैया का फिर दिखेगा भौकाल, रवि किशन और पंचायत के सचिव जी की भी एंट्री
- Drishyam 3 OTT Release: क्या फिर बच निकलेगा जॉर्जकुट्टी? बॉक्स ऑफिस पर तहलका मचाने के बाद अब Prime Video पर दस्तक, जानें कब और कहां देखें
- India-Russia Defence Deal: भारत के लिए रूस का मेगा डिफेंस प्रस्ताव, दुनिया भर में बढ़ी चर्चा
- Israel-Lebanon Ceasefire Deal: क्या थम जाएगी जंग? हिजबुल्लाह के सामने रखी गई बड़ी शर्त
- Middle East Ceasefire Breakthrough! हिजबुल्लाह और इजराइल में बड़ी डील, ट्रंप की मध्यस्थता से रुकेगा युद्ध?
- अमेरिका-ईरान के बीच बढ़ी शांति की उम्मीद: 60 दिन के सीजफायर विस्तार पर सहमति, ट्रंप की मंजूरी का इंतजार
स्थायी युद्धविराम की पुरानी मांग पर कायम
हमास ने इस प्रस्ताव में कुछ बदलावों की मांग की है और एक बार फिर अपनी पुरानी शर्तों को दोहराया है—स्थायी युद्धविराम, इजराइली सेना की गाजा से पूरी तरह वापसी और मानवीय मदद की निरंतर गारंटी। ये शर्तें अमेरिका के मौजूदा प्रस्ताव में शामिल नहीं हैं।
हमास ने न तो इस प्रस्ताव को पूरी तरह खारिज किया है और न ही स्पष्ट रूप से स्वीकार किया है। हालांकि, उसने अमेरिका को अपनी औपचारिक प्रतिक्रिया भेज दी है।
अमेरिकी दूत का कड़ा बयान
अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप के मध्य पूर्व के विशेष दूत स्टीव विटकॉफ ने हमास की प्रतिक्रिया को “पूरी तरह अस्वीकार्य” बताया। उन्होंने कहा,हमास की यह प्रतिक्रिया शांति प्रक्रिया को पीछे ले जाती है। हमास को हमारे प्रस्ताव को बातचीत की आधारशिला मानना चाहिए ताकि हम अगले सप्ताह से वार्ता शुरू कर सकें। यही एकमात्र रास्ता है जिससे हम 60 दिनों का युद्धविराम जल्द लागू कर सकते हैं।”
इजराइल की स्थिति
इजराइली प्रधानमंत्री बिन्यामिन नेतन्याहू के कार्यालय की ओर से जारी बयान में कहा गया है कि इसराइल ने अमेरिकी प्रस्ताव को स्वीकार कर लिया है। बयान में कहा गया,हम अपने बंधकों की रिहाई के लिए विटकॉफ के प्रस्ताव को मानते हैं, लेकिन हमास अब भी अपनी ज़िद पर अड़ा हुआ है।”
वैश्विक दृष्टिकोण में हमास की स्थिति
गौरतलब है कि अमेरिका, ब्रिटेन और यूरोपीय संघ ने हमास को एक आतंकवादी संगठन करार दिया हुआ है। इसके बावजूद, हमास का कहना है कि जब तक गाजा में स्थायी युद्धविराम और इजराइली सेना की पूरी वापसी नहीं होती, वह पीछे नहीं हटेगा।
इस घटनाक्रम से यह स्पष्ट है कि युद्धविराम को लेकर बातचीत अब भी जटिल मोड़ पर है और समाधान के लिए कूटनीतिक प्रयासों को और तेज करने की आवश्यकता है।



