लंदन। लंबे समय से चल रहे विरोध और विवादों के बाद ब्रिटेन के प्रधानमंत्री कीर स्टार्मर ने इस्तीफा दे दिया है। नए नेता का चुनाव होने तक वह अपने पद पर बने रहेंगे। अब लेबर पार्टी में एक बार फिर से नए नेता के चुनाव के लिए दौड़ शुरू हो गई है। कीर ने इस्तीफा देने के बाद दिए अपने भाषण में कहा कि उनके लिए देश पहले है। उनका हर फैसला देश हित में था। पिछले 1 दशक में 7वें नेता अब ब्रिटेन के पीएम बनेंगे।
लोगों का जीवन बदलना चाहते थे
कीर स्टार्मर जब इस्तीफा देने के लिए अपने आधिकारिक आवास 10 डाउनिंग स्ट्रीट से निकले तो लोगों ने उनका जोरदार स्वागत किया। उन्होंने पीएम बनने को अपने जीवन लिए सबसे गर्व का क्षण बताया था। कीर ने कहा कि वह करोड़ों लोगों के जीवन को बदलने के लिए राजनीति में आए थे। उन्होंने लेबर पार्टी की साल 2024 की शानदार जीत को अपनी सरकार की उपलब्धि बताया।
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ब्रिटेन के राजा को दी इस्तीफे की जानकारी
कीर स्टार्मर ने प्रधानमंत्री और लेबर पार्टी के लीडर दोनों ही पद से इस्तीफा दे दिया है। इसके साथ ही उनका पीएम पद का 2 साल का कार्यकाल खत्म हो गया है। उन्होंने कहा कि मैंने आज सुबह ही राजा से मुलाकात की है और उनको इस इस्तीफे के बारे में बताया है। उन्होंने कहा कि लेबर पार्टी की कार्यकारी समिति की बैठक होगी और 9 जुलाई से नामांकन होने लगेगा।
अगले पीएम को पूरा समर्थन
कीर स्टार्मर ने कहा कि जो कोई भी अगला पीएम बनेगा, उसे उनका पूरा समर्थन रहेगा। साथ ही वह एक सामान्य तरीके से सत्ता के हस्तातंरण में पूरी मदद करेंगे। कीर ने कहा कि मैंने जो कोई भी फैसला लिया, उसे देश को ध्यान में रखकर लिया जिसे मैं प्यार करता हूं। उन्होंने कहा कि देश की अर्थव्यवस्था अब तेजी से विकास कर रही है और मजदूरी भी बढ़ी है। यह महंगाई से ज्यादा है।
कई महीनों से चल रहा था विवाद
कीर स्टार्मर पर पिछले कुछ महीने से इस्तीफे का दबाव चल रहा था। वह कई विवादों में घिरे और उनको जनता को समर्थर भी कम होता जा रहा था। लेबर पार्टी के अंदर और बाहर मौजूद आलोचकों का कहना है कि कीर सरकार लोगों के जीवन में सुधार के चुनावी वादे को पूरा करने में फेल साबित हुई है। कीर पर तब दबाव ज्यादा बढ़ गया जब उनके लेबर पार्टी के विरोधी एंडी बर्नहाम ने एक संसदीय सीट जीत ली। इसके साथ ही वह कीर को औपचारिक रूप से चुनौती देने की स्थिति में आ गए।
स्टार्मर ने बड़ी जीत हासिल की थी
जुलाई 2024 के आम चुनाव में कीर स्टार्मर ने 174 सीटों के बड़े बहुमत के साथ शानदार जीत हासिल की थी, लेकिन पिछले कुछ महीनों में उनके प्रधानमंत्री कार्यकाल पर कई विवाद छाए रहे हैं। इनमें लेबर पार्टी के सीनियर नेता पीटर मेंडलसन को अमेरिका में ब्रिटेन का राजदूत बनाना भी शामिल है, जबकि उनके दोषी यौन अपराधी जेफरी एप्सटीन से संबंधों की जानकारी पहले से थी। इसके अलावा टैक्स और सामाजिक कल्याण योजनाओं को लेकर सरकार के कुछ फैसलों और बाद में उन्हें से भी उनकी छवि को नुकसान पहुंचा है।



