नई दिल्ली। लोकसभा में गुरुवार को केंद्रीय मंत्री रवनीत सिंह बिट्टू और कांग्रेस सांसद चरणजीत सिंह चन्नी के बीच तीखी नोकझोंक हुई। मामला इतना बढ़ गया कि सदन की कार्यवाही लगभग 35 मिनट के लिए स्थगित कर दी गई। ये हंगामा तब हुआ जब सदन में केंद्रीय बजट 2024-25 पर चर्चा के दौरान जालंधर से कांग्रेस के सांसद और पंजाब के पूर्व मुख्यमंत्री चन्नी अपनी बात रख रहे थे।
चन्नी ने केंद्र सरकार पर आरोप लगाया कि ये देश के हवाई अड्डे समेत सबकुछ बेच रहे हैं। चन्नी ने कहा कि आप देश की संपत्तियों के संरक्षक हैं, मालिक नहीं हैं। इन्हें बेचने की और देश को बर्बाद करने की गलती मत कीजिए। चन्नी ने प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी नीत केंद्र सरकार की तुलना ईस्ट इंडिया कंपनी से भी कर दी।
केंद्र सरकार की तुलना ईस्ट इंडिया कंपनी से करते हुए कांग्रेस सांसद चरणजीत सिंह चन्नी ने कहा कि इनमें (सत्तापक्ष) और अंग्रेजों में कोई फर्क नहीं है, सिर्फ रंग का फर्क है। पहले ये सत्ता में काबिज हुए और फिर सत्ता के रास्ते ये देश के उद्योगों पर अपने लोगों का कब्जा करा रहे हैं।
कांग्रेस सांसद के लगातार आरोपों पर रेल राज्य मंत्री और पूर्व कांग्रेस सदस्य बिट्टू ने कुछ टिप्पणी की। जवाब में चन्नी ने उनका नाम लेते हुए कहा किआपके पिताजी शहीद हुए थे लेकिन मैं आपको बता दूं कि वह उस दिन मरे, जिस दिन आपने कांग्रेस को छोड़ा।
बिट्टू ने कहा कि इन्होंने (चन्नी ने) मेरा नाम लिया। मेरे दादा सरदार बेअंत सिंह ने कुर्बानी देश के लिए दी थी, कांग्रेस के लिए नहीं दी थी। उन्होंने आरोप लगाया कि चन्नी अपने भाषण में गरीबी की बात कर रहे हैं, लेकिन सारे पंजाब में अगर ये सबसे अमीर और सबसे भ्रष्ट आदमी नहीं हुए तो मैं अपना नाम बदल दूंगा।


