हिमाचल, उत्तराखंड, बिहार समेत कई राज्यों में मूसलाधार बारिश और बाढ़ का कहर
हिमाचल प्रदेश में भारी बारिश के बीच चार स्थानों पर बादल फटने और अचानक बाढ़ की घटनाएं हुईं। इसमें दो शेड, चार गाड़ियां, चार कॉटेज और कई पुल पानी के तेज बहाव में बह गए। शिमला जिले के गानवी घाटी में बाढ़ से एक पुलिस चौकी बह गई, बस स्टैंड और आसपास की दुकानें क्षतिग्रस्त हो गईं, जबकि दो पुल बह जाने से कूट और क्याव पंचायतें संपर्क से कट गईं। लाहौल-स्पीति जिले की मयाड घाटी में भी बादल फटने से दो और पुल बह गए।
👉 यह भी पढ़ें:
- धरती पर बढ़ता ताप का कहर: इतिहास का तीसरा सबसे गर्म अप्रैल, खतरे की सीमा के बेहद करीब दुनिया
- पुतिन की बड़ी चेतावनी: ईरान संघर्ष बढ़ा तो दुनिया को चुकानी पड़ेगी भारी कीमत
- मतगणना का रोमांच: बंगाल में कांटे की टक्कर, असम में बढ़त, केरल में गठबंधन आगे
- कर्नाटक में बर्ड फ्लू का कहर: तुमकुर में 40 मोरों की मौत, 10 किलोमीटर क्षेत्र कंटेनमेंट घोषित

उत्तराखंड में भारी बारिश और भूस्खलन के कारण दो लोग लापता हो गए और दो लोग गंभीर रूप से घायल हैं। प्रदेश में जल प्रलय का खतरा बढ़ गया है। मौसम विभाग ने हिमाचल, उत्तराखंड, बिहार, पश्चिम बंगाल और सिक्किम के कई क्षेत्रों में अचानक बाढ़ की चेतावनी दी है और लोगों को नदी-नालों के पास जाने से मना किया है।
तेलंगाना में तेज बारिश से मौसम बिगड़ने के कारण हैदराबाद के राजीव गांधी अंतरराष्ट्रीय हवाईअड्डे से कई उड़ानें रद्द या डायवर्ट की गईं। कोच्चि, चेन्नई, पटना और अहमदाबाद के लिए इंडिगो की उड़ानें रद्द हुईं, जबकि कई उड़ानों का मार्ग बदल दिया गया।
उत्तर प्रदेश के पूर्वी-तराई इलाकों में भी बुधवार को भारी बारिश हुई,। मौसम विभाग के अनुसार गुरुवार से मानसूनी बारिश पश्चिमी यूपी की ओर बढ़ेगी।
बिहार में बाढ़ की स्थिति गंभीर है, जहां 10 जिलों में लगभग 25 लाख लोग प्रभावित हैं।
अररिया, किशनगंज, पूर्णिया, सुपौल और उप-हिमालयी पश्चिम बंगाल तथा सिक्किम के कई जिलों में बाढ़ का खतरा बना हुआ है। गंगा समेत प्रमुख नदियों का जलस्तर लगातार बढ़ रहा है।


