–नितिन जैन
इंदौर। लोकायुक्त की इंदौर इकाई ने एमआईजी थाने के प्रधान आरक्षक अरुण शर्मा को 50 हजार की रिश्वत लेते रंगेहाथों पकड़ा है। उसके साथ रिश्वत में सहयोग के आरोप में अय्यूब खान को भी पकड़ा गया है।
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लोकायुक्त एसपी राजेश सहाय ने बताया कि इसकी शिकायत भेघा देलवार पति बासिल मंसूरी द्वारा की गई थी। इसमें बताया गया था कि आवेदिका के पति बासिल मंसूरी द्वारा आवेदिका के विरूद्ध थाना एम.आई.जी. में मारपीट के प्रकरण में अपराध दर्ज करवाया था। उक्त प्रकरण की विवेचना प्रधान आरक्षक अरुण शर्मा द्वारा की जा रही थी। आवेदिका को जेल न भेजने एवं प्रकरण कमजोर करने के एवज में अरुण शर्मा ने आवेदिका से पांच लाख की रिश्वत मांगी थी। शिकायत की जांच में प्रकरण सही पाए जाने पर आज यानी 1 मार्च को ट्रैप दल का गठन किया गया। रिश्वत की राशि लेने के लिए अरुण शर्मा ने अय्यूब खान को आवेदिका के फ्लैट पर भेजा। अय्यूब खान ने रिश्वत की राशि 50 हजार रुपए लेकर अरुण शर्मा को दी। लोकायुक्त की टीम ने दोनों को रंगेहाथों पकड़ लिया। दोनों के खिलाफ धारा 7 भ्रष्टाचार निवारण (संशोधन) अधिनियम 2018 एवं 61(2) बी.एन.एस. के अंतर्गत कार्यवाही की जा रही है।



