भारत-अमेरिका ट्रेड डील में निराशा: ट्रंप ने लगाए 25% टैरिफ, रूस से सौदों पर भी उठाए सवाल
व्हाइट हाउस के आर्थिक सलाहकार केविन हैसेट का बयान
👉 यह भी पढ़ें:
- भारत-अमेरिका व्यापार समझौते पर सियासी संग्राम: पीयूष गोयल ने राहुल गांधी के आरोपों को बताया भ्रामक
- ट्रंप का बड़ा व्यापारिक फैसला: दक्षिण कोरिया पर 25% टैरिफ, समझौते के उल्लंघन का आरोप
- ईरान से व्यापार पर सख्त रुख: ट्रंप का ऐलान, व्यापारिक संबंध रखने वाले देशों पर 25% टैरिफ
- ट्रंप का नया ऐलान: 1 नवंबर से अमेरिका में आने वाले सभी बड़े ट्रकों पर 25% टैरिफ
अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप भारत के साथ चल रही ट्रेड डील की प्रगति से निराश हैं। व्हाइट हाउस के शीर्ष आर्थिक सलाहकार केविन हैसेट ने बुधवार को कहा कि ट्रंप को उम्मीद है कि भारत पर लगाया गया 25% टैरिफ इस स्थिति को सुधारने में मदद करेगा।
हैसेट ने कहा,भारत का बाज़ार काफ़ी हद तक अमेरिकी उत्पादों के लिए बंद रहा है, जबकि अमेरिका का बाज़ार भारतीय सामान के लिए पूरी तरह खुला है। राष्ट्रपति ट्रंप इस प्रगति से संतुष्ट नहीं हैं, लेकिन उन्हें लगता है कि यह टैरिफ़ अमेरिकी जनता के हित में है।”
1 अगस्त से लागू होगा टैरिफ़
राष्ट्रपति ट्रंप ने ऐलान किया कि 1 अगस्त से भारत से अमेरिका आने वाले सभी सामानों पर 25% आयात शुल्क लगेगा। इसके साथ ही उन्होंने यह भी संकेत दिया कि भारत द्वारा रूस से हथियार और तेल खरीदने के चलते अतिरिक्त आयात शुल्क लगाया जा सकता है।
भारत पर असर और प्रतिक्रिया की उम्मीद
हैसेट ने कहा, भारत को अमेरिका में अपने उत्पादों की क़ीमतें घटानी पड़ सकती हैं, ताकि वह बाज़ार में अपनी हिस्सेदारी बनाए रख सके।”
उन्होंने यह भी जोड़ा कि, दूसरे देश भी ऐसा कर चुके हैं। इसके बाद भारत शायद अपनी उन व्यापार नीतियों पर पुनर्विचार करे जिनके कारण यह टैरिफ़ लगाया गया।”


