2035 तक भारत का अपना स्पेस स्टेशन और 2040 तक चंद्रमा पर भारतीय
केंद्रीय विज्ञान और तकनीकी मंत्री जितेंद्र सिंह ने घोषणा की है कि भारत साल 2035 तक अपना खुद का स्पेस स्टेशन स्थापित करेगा और 2040 तक किसी भारतीय को चंद्रमा पर लैंड कराने का लक्ष्य हासिल करेगा।
स्पेस सेक्टर में क्रांतिकारी बदलाव
मंत्री जितेंद्र सिंह ने कहा कि पिछले दस वर्षों में स्पेस सेक्टर में बड़े पैमाने पर क्रांतिकारी बदलाव हुए हैं। उन्होंने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी द्वारा चार साल पहले स्पेस सेक्टर को प्राइवेट सेक्टर के लिए खोलने को एक टर्निंग प्वाइंट बताया। इस पहल ने भारत को अंतरिक्ष समेत कई अन्य क्षेत्रों में वैश्विक अगुवाई करने की स्थिति में ला खड़ा किया है।
👉 यह भी पढ़ें:
- US Tariff Shock: क्या भारत पर फिर गिरेगा Trump Tariff Bomb? अमेरिका के नए प्रस्ताव से बढ़ी व्यापार युद्ध की आशंका
- सुप्रीम कोर्ट को मिले 5 नए जज, सीजेआई सूर्यकांत ने दिलाई शपथ, जानें अब कितनी हुई जजों की संख्या
- Earthquake Alert: भारत के पूर्वी तट के पास भूकंप, बंगाल की खाड़ी में धरती डोली
- भारत है ताकतवर सैन्य शक्ति’ — अमेरिकी रक्षा मंत्री ने की तारीफ, रक्षा साझेदारी को और मजबूत करने का ऐलान
भारत का अंतरिक्ष स्टेशन
2035 तक बनने वाला भारत का स्पेस स्टेशन “भारत अंतरिक्ष स्टेशन” के नाम से जाना जाएगा। इस परियोजना के साथ, भारत उन देशों की सूची में शामिल हो जाएगा जो खुद का स्पेस स्टेशन स्थापित करने में सक्षम हैं।
चंद्रमा पर भारतीय की लैंडिंग
2040 तक चंद्रमा पर भारतीय को उतारने की योजना को लेकर सरकार ने स्पष्ट किया है कि यह मिशन भारत की अंतरिक्ष क्षमताओं में मील का पत्थर साबित होगा।
इसरो के वर्तमान मिशन
भारतीय अंतरिक्ष अनुसंधान संस्थान (इसरो) वर्तमान में कई महत्वपूर्ण मिशनों पर काम कर रहा है, जिनमें सूरज की रिसर्च के लिए आदित्य एल-1, चंद्रमा के लिए चंद्रयान और अंतरिक्ष यात्रियों को भेजने के लिए गगनयान मिशन प्रमुख हैं।
वैश्विक परिदृश्य
आने वाले समय में अंतरराष्ट्रीय स्पेस स्टेशन को बंद किया जाएगा। इस स्थिति को देखते हुए, दुनिया के कई देश अपने-अपने स्पेस स्टेशन बनाने की दिशा में काम कर रहे हैं। भारत की यह पहल न केवल वैज्ञानिक दृष्टि से बल्कि वैश्विक स्तर पर भारत की स्थिति को और मजबूत करेगी।


