संघर्ष विराम के बाद भारत-पाक सीमा पर 19 दिनों में पहली बार शांति, हालात सामान्य होने लगे
भारत और पाकिस्तान के बीच 10 मई को हुए संघर्ष विराम का असर 11 मई से देखने को मिला है। सीमा पर बीते 19 दिनों से जारी तनाव, जो 22 अप्रैल को पहलगाम में हुए आतंकी हमले और 7 मई को भारत द्वारा चलाए गए ‘ऑपरेशन सिंदूर’ के बाद और बढ़ गया था, अब थमता नजर आ रहा है।
भारतीय सेना ने एक आधिकारिक बयान में बताया कि शनिवार शाम दोनों देशों के बीच संघर्ष विराम पर सहमति बनने के बाद रविवार और सोमवार की दरम्यानी रात जम्मू-कश्मीर की नियंत्रण रेखा और अंतरराष्ट्रीय सीमा से सटे इलाकों में शांति रही। इस दौरान किसी भी प्रकार की गोलीबारी या फायरिंग की कोई घटना नहीं हुई। सेना ने इसे 19 दिनों के बाद पहली “शांतिपूर्ण रात” बताया है।
सेना ने कहा कि पहलगाम हमले के बाद पाकिस्तान लगातार सीज़फायर का उल्लंघन कर रहा था, लेकिन अब हालात में स्पष्ट सुधार देखा जा रहा है। ‘ऑपरेशन सिंदूर’ के बाद से दोनों देशों के संबंधों में गहरा तनाव था, जो अब कुछ हद तक कम होता दिख रहा है।
सिर्फ सीमावर्ती इलाकों में ही नहीं, बल्कि चंडीगढ़ और अन्य प्रमुख शहरों में भी सामान्य स्थिति लौटने लगी है। चंडीगढ़ के डिप्टी कमिश्नर ने बताया कि रविवार को सभी तरह के प्रतिबंध हटा लिए गए हैं। उन्होंने कहा, “अब दैनिक जीवन फिर से शुरू हो गया है और स्थिति स्थिर हो रही है।”
दुकानों और अन्य व्यावसायिक प्रतिष्ठानों को सामान्य समय पर खुलने की अनुमति दे दी गई है। प्रशासन ने नागरिकों से अपील की है कि वे किसी भी तरह की अफवाह या गलत जानकारी न फैलाएं और शांति बनाए रखें।


