रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह ने सेना को मिली खुली छूट के बारे में बयान दिया कि शांति हमारी ताकत है। हाल ही में हुई बैठकों में यह निर्णय लिया गया कि सेना को आतंकवाद के खिलाफ पूरी कार्रवाई की स्वतंत्रता मिलनी चाहिए।
पहलगाम हमले के बाद सेना को मिला फ्री हैंड
पहलगाम हमले के बाद देशभर में चिंता की लहर दौड़ गई थी। इसके बाद रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह ने तीनों सेनाओं के प्रमुखों के साथ बैठक की, जिसमें उन्होंने सेना को फ्री हैंड देने का निर्णय लिया। यह निर्णय सेना के मनोबल को बढ़ाने वाला साबित हुआ।
सेना प्रमुख का आत्मविश्वास
थल सेना प्रमुख जनरल उपेंद्र द्विवेदी ने सेना को मिली खुली छूट पर प्रतिक्रिया दी। उन्होंने कहा कि इस प्रकार का आत्मविश्वास और राजनीतिक दिशा न केवल सेना के लिए बल्कि पूरे देश के लिए महत्वपूर्ण है।
ऑपरेशन सिंदूर की सफलता
ऑपरेशन सिंदूर ने न केवल आतंकियों के ढांचों को नष्ट किया, बल्कि भारत की सैन्य ताकत का भी प्रदर्शन किया। इस ऑपरेशन के दौरान 100 से अधिक आतंकियों को मारा गया और पाकिस्तान के पांच लड़ाकू विमान भी गिराए गए।
राष्ट्रीय गर्व का प्रतीक बना ऑपरेशन सिंदूर
ऑपरेशन सिंदूर ने पूरे देश को गर्व महसूस कराया। यह केवल एक सैन्य कार्रवाई नहीं, बल्कि राष्ट्रीय एकता और राजनीतिक दृढ़ता का प्रतीक बना।
आम आदमी पर असर
इस ऑपरेशन ने आम आदमी में सुरक्षा की भावना को मजबूत किया। लोगों को विश्वास हुआ कि देश की सीमाएं सुरक्षित हैं और सेना किसी भी चुनौती का सामना करने में सक्षम है।
आगे की रणनीति
भारतीय सेना ने यह स्पष्ट कर दिया है कि वे किसी भी खतरे का जवाब देने के लिए तैयार हैं। आने वाले समय में भी इसी प्रकार की कार्रवाई जारी रह सकती है, जिससे आतंकियों को स्पष्ट संदेश मिले कि भारत माफ नहीं करेगा।



