अहमदाबाद में भगवान जगन्नाथ रथयात्रा उत्सव का शुभारंभ, भीड़ नियंत्रण के लिए एआई तकनीक का सहारा
जल यात्रा के साथ रथयात्रा महोत्सव की शुरुआत
अहमदाबाद में भगवान जगन्नाथ की वार्षिक रथयात्रा महोत्सव का शुभारंभ बुधवार को पारंपरिक जल यात्रा के साथ हुआ। इस पवित्र अवसर पर बड़ी संख्या में संत, महंत और श्रद्धालु पूरे आस्था और उल्लास के साथ शामिल हुए। साबरमती नदी से 108 कलश में पवित्र जल भरकर मंदिर लाया गया, जिससे भगवान जगन्नाथ का अभिषेक किया गया।
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मुख्य रथयात्रा 27 जून को, अनुमानित भीड़ 15 लाख
मुख्य रथयात्रा 27 जून को निकाली जाएगी, जिसमें 14 से 15 लाख श्रद्धालुओं के शामिल होने की संभावना है। ऐसे विशाल आयोजन में किसी भी भगदड़ जैसी स्थिति से बचने के लिए गुजरात पुलिस ने विस्तृत और आधुनिक योजना तैयार की है।
एआई और ड्रोन से भीड़ पर नजर
पुलिस ने इस बार विशेष सावधानी बरती है और बेंगलुरु जैसी जगहों पर हाल ही में हुई भगदड़ की घटनाओं से सीख लेते हुए, अहमदाबाद अपराध शाखा ने एक एआई-संचालित विजुअल एनालिटिक्स सॉफ्टवेयर को तैनात किया है। इस तकनीक की मदद से पुलिस कंट्रोल रूम में ड्रोन और सीसीटीवी कैमरों से लाइव वीडियो फीड प्राप्त की जाएगी।
भीड़ की भविष्यवाणी और नियंत्रण
यह उन्नत प्रणाली यह गणना करेगी कि किसी विशेष स्थान पर वर्तमान में कितने लोग मौजूद हैं और निकट भविष्य में कितने और वहां पहुंच सकते हैं। सॉफ्टवेयर उस स्थान की अधिकतम क्षमता, भीड़ घनत्व और संभावित भीड़ वृद्धि की गणना कर सकता है। इससे समय रहते सुरक्षा बलों को भेजना, ट्रैफिक डायवर्जन करना और स्थिति को नियंत्रण में रखना संभव होगा।
सुरक्षा व्यवस्था को लेकर पुलिस पूरी तरह मुस्तैद
गुजरात पुलिस का दावा है कि आधुनिक तकनीक की मदद से इस बार रथयात्रा को पहले से ज्यादा सुरक्षित और व्यवस्थित रूप से आयोजित किया जाएगा। पुलिस का उद्देश्य है कि श्रद्धालु बिना किसी चिंता के अपनी आस्था और भक्ति के साथ उत्सव में भाग ले सकें।



